श्रीगंगानगर , मई 27 -- राजस्थान में न्यूनतम समर्थन मूल्य पर गेहूं खरीद की अंतिम तिथि 31 मई नजदीक आने के साथ ही श्रीगंगानगर और हनुमानगढ़ जिलों में खरीद प्रक्रिया के कुप्रबंधन को लेकर किसानों का गुस्सा लगातार बढ़ता जा रहा है। बुधवार को श्रीगंगानगर जिले के पदमपुर और श्रीविजयनगर में किसानों ने गेहूं से भरी ट्रैक्टर ट्रॉलियां मंडी समिति कार्यालय पहुंचाकर वहां गेहूं का ढेर लगा दिया। श्रीविजयनगर में उग्र किसान समिति द्वार पर तैनात पुलिसकर्मियों को धकेलते हुए ट्रॉलियां अंदर ले गये।

पदमपुर में किसानों ने मंडी समिति अधिकारियों को खरी-खोटी सुनाई और आरोप लगाया कि बारदाना वितरण में भेदभाव किया जा रहा है। उन्होंने मांगकी कि बारदाना नामावली प्रणाली के आधार पर बांटा जाये, ताकि जिस किसान का गेहूं पहले खरीदा गया हो, उसे पहले बारदाना मिल सके।

इससे पहले सोमवार को श्रीगंगानगर में किसान संगठनों ने गेहूं भरी ट्रॉलियां कलेक्टरेट गेट पर लाकर ढेर कर दी थीं। आज किसान श्रीबिजयनगर में एसडीएम कार्यालय तक पहुंच गये, जहां उन्होंने गेहूं से भरी ट्रॉलियां लेकर प्रदर्शन किया और चेतावनी दी कि खरीद व्यवस्था में सुधार नहीं किया गया, तो बड़ा आंदोलन किया जाएगा।

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