तिरुवनंतपुरम , अगस्त 14 -- केरल पुलिस ने सोशल मीडिया विज्ञापनों और ऑनलाइन ट्रेडिंग के जरिए 100 प्रतिशत लाभ का झांसा देकर की जाने वाली धोखाधड़ी के मामलों में लोगों को गंभीर चेतावनी जारी की है।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक धोखेबाज इस धोखाधड़ी को अंजाम देने के लिए एनटीएल नाम के एक फर्जी ऐप का इस्तेमाल कर रहे हैं और वे मुख्य रूप से व्हाट्सऐप और टेलीग्राम जैसे प्लेटफॉर्म का सहारा लेते हैं। पुलिस के मुताबिक धोखेबाज फर्जी विज्ञापनों के जरिए लोगों को फंसाते हैं और संपर्क होने के बाद उन्हें चालाकी से एनटीएल ऐप डाउनलोड करने के लिए मनाते हैं। इसके बाद लोगों से ऐप पर रजिस्टर करने को कहा जाता है और उन्हें ऑनलाइन नौकरी और निवेश के नाम पर अलग-अलग कार्य, कमीशन योजना और निवेश योजना के बारे में बताया जाता है।
उन्होंने बताया कि प्रारंभ में जो लोग थोड़ा धन निवेश करते हैं, उन्हें दिखाया जाता है कि उन्हें कमीशन मिला है। कुछ मामलों में उन्हें थोड़ा धन निकालने की इजाजत भी दी जाती है। पुलिस ने कहा कि यह धोखेबाजों की एक सोची-समझी चाल होती है ताकि निवेशकों का भरोसा जीता जा सके। धोखेबाज भरोसा जीतने के बाद अधिक रिटर्न का वादा करके लोगों को और अधिक धन निवेश करने के लिए मनाते हैं। अधिक मुनाफे की उम्मीद में निवेशक बाद में ऐप के जरिए बड़ा धन जमा कर देते हैं। वे जब पैसे निकालने की कोशिश करते हैं, तो धोखेबाज 'समीक्षा के लिए लंबित', 'प्रक्रिया' या 'छुट्टी' जैसे बहाने बनाकर प्रक्रिया में देरी करते हैं। इसके बाद वे निकासी शुल्क, टैक्स, सत्यापन शुल्क और दूसरे खर्चों के नाम पर और धन की मांग करते हैं। किसी न किसी बहाने यह प्रक्रिया बार-बार लंबी हो जाती है। आखिरकार फर्जी ऐप निष्क्रिय हो जाता है या निवेशक का अकाउंट ब्लॉक कर दिया जाता है।
केरल पुलिस ने लोगों से ऐसे निवेश धोखाधड़ी से बहुत सावधान रहने की अपील की है। लोगों को किसी भी हालत में ऐसे ऐप्स या निवेश योजना में पैसे निवेश नहीं करने चाहिए जो बहुत अधिक रिटर्न का वादा करते हों। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर मिले लिंक के जरिए ऐप्स डाउनलोड नहीं करने चाहिए। यदि लोग ऐसा निवेश करना चाहते हैं, उन्हें सबसे पहले संबंधित संस्था की विश्वसनीयता और असलियत की जांच करनी चाहिए।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित