यमुनानगर, 31अक्टूबर (वार्ता) हरियाणा में गन्ने के भाव में 15 रुपए प्रति क्विंटल की बढ़ोतरी के विरोध में हो रहे प्रदर्शनों के बीच हरियाणा के कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा ने कहा है कि 15 रुपए क्विंटल की बढ़ोतरी की गई है, इसके लिए किसानों को मुख्यमंत्री का धन्यवाद करना चाहिए।

यमुनानगर में मीडिया से बातचीत करते हुए उन्होंने कहा कि जो नया गन्ना लगाएगा, उसे साढ़े चार सौ रुपए प्रति क्विंटल मिलेगा। यह सरकार की अच्छी योजना है, इसके लिए किसानों को मुख्यमंत्री का धन्यवाद करना चाहिए।

कृषि मंत्री ने कहा कि हरियाणा सरकार ने किसानों के हितों को ध्यान में रखते हुए गन्ने के मूल्य में बढ़ोतरी की है। सरकार का उद्देश्य है कि गन्ना किसानों को उनकी मेहनत का पूरा मूल्य मिले। उन्होंने कहा कि सरकार ने गन्ने के मूल्य को बढ़ाने के साथ-साथ किसानों को अन्य सुविधाएं भी प्रदान की हैं, ताकि किसान आत्मनिर्भर बन सकें।

हरियाणा में मंडियों में किसानों का धान एक निश्चित सीमा के बाद खरीदा नहीं जा रहा। इसको लेकर कृषि मंत्री ने कहा कि मंडी सचिवों को आदेश दिए गए हैं कि वह सत्यापन करके जो भी जहां किसान का धान है, वह खरीदा जाए। उन्होंने कहा कि किसानों का एक-एक दाना खरीदा जाएगा।

कृषि मंत्री ने कहा कि सरकार किसानों की समस्याओं के प्रति पूरी तरह जागरूक है। मंडियों में धान की खरीद के संबंध में कोई भी लापरवाही नहीं होगी। उन्होंने कहा कि किसानों को किसी भी प्रकार की समस्या का सामना नहीं करना पड़ेगा, सरकार हर संभव मदद करेगी।

हरियाणा के किसान गन्ने के मूल्य में की गई बढ़ोतरी को नाकाफी बता कर 500 रुपए प्रति क्विंटल की मांग कर रहे हैं, जबकि कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा का कहना है कि किसानों को मुख्यमंत्री का धन्यवाद करना चाहिए। हरियाणा के पूर्व कृषि मंत्री कंवरपाल गुर्जर का कहना है कि मुख्यमंत्री ने जो रेट बढ़ाया है, वह अच्छा है, हरियाणा में सबसे ज्यादा गन्ने का मूल्य दिया जा रहा है, लेकिन कुछ और बढ़ा देते तो और अच्छा हो जाता।

पूर्व मंत्री कंवरपाल गुर्जर ने कहा कि हरियाणा में गन्ने का मूल्य देश के अन्य राज्यों के मुकाबले सबसे अधिक दिया जा रहा है। सरकार ने किसानों के हित में यह फैसला लिया है। उन्होंने कहा कि यदि सरकार कुछ और बढ़ोतरी करती, तो किसानों को और अधिक राहत मिलती।

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