कुशीनगर , जुलाई 31 -- कुशीनगर जिले के अपर सत्र न्यायाधीश परमेश्वर प्रसाद की अदालत ने पत्नी और तीन बेटों की धारदार हथियार से गला रेत कर हत्या करने के मामले में पति को दोषी करार देते हुए फांसी की सजा सुनाई है। इसके साथ ही उसे दो लाख रुपये का अर्थदंड भी दिया गया है।

जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी जीपी यादव व अपर जिला शासकीय अधिवक्ता संजीव कुमार सिंह ने शुक्रवार को बताया कि कसया के मठिया विशंभर माधोपुर के रामजीत कुशवाहा ने 26 अगस्त 2021 को कसया थाने में तहरीर दी थी। बताया कि कुड़वा दिलीपनगर के गुरमिया गोपाल टोला के जितेंद्र कुशवाहा से रामजीत ने अपने बेटी लीलावती की शादी की थी, जिससे तीन बच्चे, आठ वर्ष का आकाश, छह वर्ष का विकास और चार वर्ष का रिंकू थे।

रामजीत ने आरोप लगाया कि जितेंद्र ने 26 अगस्त की दोपहर दो बजे धारदार हथियार से चारों की रेतकर हत्या कर दी, मौके पर पहुंचने पर उनका शव घर में पाया गया। सूचना पर पहुंची कसया पुलिस ने कार्रवाई की। पुलिस ने हत्या का मुकदमा दर्ज करते हुए आला कत्ल सब्जी काटने वाला पहसुल को बरामद किया और पति को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।

अधिवक्ता ने बताया कि कुशीनगर जिले के कसया थाने के विवेचक ने जांच पूरी कर आरोपित के खिलाफ हत्या की चार्जशीट दाखिल की। इस मामले में 12 साक्षी प्रस्तुत किए गए। इस मामले में अदालत ने अभियुक्त जितेंद्र कुशवाहा को दोष सिद्ध करार देते हुए फांसी की सजा सुनाई। अभियुक्त को पुलिस अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।

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