भोपाल , मई 07 -- किसानों की समस्याओं को लेकर मध्यप्रदेश कांग्रेस ने गुरुवार को प्रदेश के विभिन्न जिलों में आगरा-मुंबई राष्ट्रीय राजमार्ग सहित कई प्रमुख मार्गों पर चक्काजाम कर विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान इंदौर, शाजापुर, मुरैना, ग्वालियर, गुना, शिवपुरी, महू और खलघाट सहित अनेक स्थानों पर यातायात प्रभावित रहा।
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने कहा कि पार्टी ने सुबह 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक शांतिपूर्ण धरना-प्रदर्शन किया। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि किसानों की मांगें नहीं मानी गईं तो आंदोलन पंचायत स्तर तक ले जाया जाएगा और आवश्यकता पड़ने पर मुख्यमंत्री आवास का घेराव कर तालाबंदी की जाएगी। वही नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने खलघाट में प्रदर्शन के दौरान राज्य सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि किसान अपनी फसल सड़क पर फेंकने को मजबूर है, जबकि सरकार किसानों की समस्याओं की अनदेखी कर रही है।
वहीं शाजापुर के रोजवास टोल प्लाजा, ग्वालियर के निरावली तिराहे, इंदौर बायपास, महू और मुरैना में बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता सड़कों पर उतरे। कई स्थानों पर पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच नोकझोंक भी हुई। ग्वालियर और मुरैना में पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को हटाकर यातायात बहाल कराया तथा कई नेताओं और कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया।
जबकि दूसरी ओर मुख्यमंत्री डॉ.मोहन यादव ने चक्काजाम को गैरजिम्मेदाराना बताते हुए कहा कि 10वीं और 12वीं की परीक्षाओं के दौरान इस तरह का आंदोलन छात्रों के लिए परेशानी का कारण बना।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार कई स्थानों पर यातायात डायवर्ट किया गया। जाम के चलते यात्रियों, एम्बुलेंस, बारात और अन्य वाहनों को परेशानी का सामना करना पड़ा। भाजपा नेताओं ने कांग्रेस के आंदोलन को राजनीतिक नौटंकी बताते हुए कहा कि राज्य सरकार किसानों के हित में लगातार कार्य कर रही है तथा गेहूं खरीदी और भुगतान की प्रक्रिया सुचारू रूप से जारी है।
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