श्रीगंगानगर , फरवरी 24 -- राजस्थान में श्रीगंगानगर जिला मुख्यालय के समीप चक 8-एलएनपी में मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व विधायक कामरेड हेतराम बेनीवाल का मंगलवार को अंतिम संस्कार किया गया।
पनचानबे वर्षीय श्री बेनीवाल का सोमवार देर रात निधन हो गया। उनके निधन पर वामपंथी कार्यकर्ताओं ने उन्हें ''कामरेड को लाल सलाम'', ''कामरेड को रेड सैल्यूट'' और ''जब तक सूरज-चांद रहेगा, कामरेड हेतराम बेनीवाल का नाम रहेगा'' जैसे नारों से भावभीनी श्रद्धांजलि दी।
बिश्नोई समुदाय के पूर्ण विधि-विधान और रीति-रिवाज के अनुसार उनका अंतिम संस्कार उनके ही खेत में भूमि में दफन करके किया गया। अंतिम यात्रा में माकपा के लाल झंडे में लिपटा उनका पार्थिव शरीर निवास स्थान से अंत्येष्टि स्थल तक ले जाया गया। हजारों की तादाद में लोग नारे लगाते हुए उनके साथ चले।
इस मौके पर माकपा पोलित ब्यूरो के दो सदस्य वी.जी. कृष्णन और सांसद अमराराम, राज्य सचिव किशन पारीक सहित वामपंथी दलों के बड़े पदाधिकारी मौजूद रहे। कांग्रेस, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सहित अन्य राजनीतिक दलों के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने भी बड़ी संख्या में शिरकत की।
अंतिम विदाई देने वालों में माकपा के पूर्व विधायक बलवान पूनिया, गिरधारीलाल माहिया, निर्दलीय विधायक राजकुमार गौड, भाजपा विधायक जयदीप बिहानी, भाजपा नेता महेश पेड़ीवाल, अखिल भारतीय ग्रामीण खेत मजदूर यूनियन प्रदेशाध्यक्ष दुर्गा स्वामी, वरिष्ठ वामपंथी नेता भूरामल स्वामी, राजस्थान बार काउंसिल के पूर्व अध्यक्ष एडवोकेट नवरंग चौधरी, सादुलशहर बार संघ के पूर्व अध्यक्ष एडवोकेट धर्मेंद्र शर्मा, श्रीगंगानगर बार संघ के पूर्व अध्यक्ष एडवोकेट चरणदास कंबोज सहित बड़ी संख्या में माकपा के पदाधिकारी और कार्यकर्ता शामिल थे।
अखिल भारतीय किसान सभा के महासचिव रविंद्र तरखान ने बताया कि कामरेड हेतराम बेनीवाल के सम्मान में एक मार्च को उनके पैतृक गांव में विशाल श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया जाएगा। कामरेड बेनीवाल लंबे समय तक किसान-मजदूर आंदोलनों के प्रखर योद्धा रहे और जनता के बीच बेहद लोकप्रिय थे। उनका निधन वामपंथी आंदोलन के लिए अपूरणीय क्षति बताया जा रहा है।
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