धार , फरवरी 11 -- मतदाता विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान को लेकर आयोजित कांग्रेस की बूथ स्तरीय बैठक में हंगामे के मामले में प्रदेश संगठन ने सख्त रुख अपनाया है। बैठक में विरोध प्रदर्शन करने वाले कांग्रेस नेताओं के पुत्रों को कारण बताओ नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा गया है।
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की महासचिव एवं मध्यप्रदेश की सहप्रभारी उषा नायडू के एक दिवसीय धार दौरे के दौरान यह बैठक आयोजित की गई थी। प्रदेश संगठन महामंत्री डॉ. संजय कामले ने नोटिस जारी करते हुए निर्देश दिए हैं कि संबंधित व्यक्ति अनिवार्य रूप से अपना स्पष्टीकरण प्रस्तुत करें। समय सीमा में जवाब नहीं मिलने अथवा संतोषजनक उत्तर नहीं होने की स्थिति में प्रदेश संगठन बैठकों और कार्यक्रमों में शामिल होने पर प्रतिबंध लगाने की कार्रवाई करेगा।
जिन लोगों को नोटिस जारी किया गया है, उनमें जयवर्धन सिंह गौतम (पुत्र बालमुकुंद सिंह गौतम), अर्पित नगर (पुत्र राकेश नगर), धनंजय थोरात पार्षद (पुत्र अशोकराव थोरात) तथा गजानंद पथरिया (पुत्र जगन्नाथ पथरिया) शामिल हैं।
उल्लेखनीय है कि 4 फरवरी को औद्योगिक नगरी पीथमपुर में बूथ स्तरीय बैठक आयोजित की गई थी। प्रीति नगर स्थित एक निजी होटल में आयोजित बैठक से पहले पूर्व जिला अध्यक्ष बालमुकुंद सिंह गौतम के समर्थकों ने हंगामा कर दिया था। कार्यकर्ताओं का आरोप था कि मंच पर लगाए गए बैनर और पोस्टर में वरिष्ठ नेताओं के चित्र शामिल नहीं किए गए थे। नाराज कार्यकर्ताओं ने फ्लेक्स फाड़ दिए थे, जिससे बैठक बाधित हुई।
प्रदेश संगठन के अनुसार विरोध प्रदर्शन में कुछ नेताओं के पुत्रों की भूमिका पाई गई है। जिला कांग्रेस अध्यक्ष स्वतंत्र जोशी की लिखित शिकायत और वीडियो साक्ष्यों के आधार पर यह कार्रवाई की गई है।
पूर्व विधायक एवं पूर्व जिला कांग्रेस अध्यक्ष बालमुकुंद सिंह गौतम के पुत्र जयवर्धन सिंह गौतम को जारी नोटिस में कहा गया है कि वे पार्टी के किसी पद पर न होते हुए भी बैठक में पहुंचे और अनुशासनहीनता की। प्रदेश प्रभारी हरीश चौधरी एवं प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी के निर्देश पर 16 फरवरी तक स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने को कहा गया है।
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