श्रीनगर , जनवरी 27 -- कश्मीर में मंगलवार को हुई ताजा हिमपात के कारण पिछले कुछ दिनों में दूसरी बार घाटी का देश के बाकी हिस्सों से संपर्क कट गया।

अधिकारियों के अनुसार, श्रीनगर हवाई अड्डे की सभी उड़ानें रद्द कर दी गयी हैं और श्रीनगर-जम्मू राष्ट्रीय राजमार्ग भी बंद है।

सोमवार रात से ही कश्मीर घाटी में हिमपात हो रही है, जो मंगलवार को भी क्षेत्र के कई हिस्सों में जारी रही। बर्फ जमा होने के कारण हवाई यातायात ठप हो गया, मुख्य राजमार्ग बंद हो गये और पूरी घाटी में जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया।

श्रीनगर हवाईअड्डे के निदेशक ने बताया कि खराब मौसम और लगातार हो रही हिमपात की वजह से श्रीनगर आने-जाने वाली सभी उड़ानें रद्द कर दी गयी हैं। हवाई अड्डा अधिकारियों का कहना है कि रनवे फिलहाल विमानों के सुरक्षित संचालन के योग्य नहीं है।

श्रीनगर हवाईअड्डे ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर एक पोस्ट में कहा कि यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए आज की सभी उड़ानें रद्द कर दी गयी हैं। पोस्ट में कहा गया, " एयरलाइन और एयरपोर्ट अधिकारी मौसम की स्थिति पर पैनी नजर रख रहे हैं। जैसे ही स्थिति सुधरेगी और रनवे को सुरक्षित घोषित किया जाएगा, परिचालन फिर से शुरू कर दिया जाएगा।"जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग पर भी यातायात बंद रहा। यातायात विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि काजीगुंड और बनिहाल के बीच ताजा बर्फ जमा होने के कारण राजमार्ग अभी भी बंद है। अधिकारी ने कहा, " जम्मू से श्रीनगर या इसके विपरीत किसी भी वाहन को जाने की अनुमति नहीं दी जाएगी। यात्रियों को सलाह दी जाती है कि जब तक सड़क पूरी तरह बहाल और सुरक्षित न हो जाये, वे एनएच-44 पर यात्रा न करें।"इसके अलावा, ताजा हिमपात के कारण मुगल रोड, श्रीनगर-लेह रोड और सिंथन रोड को भी बंद कर दिया गया है।

मौसम विभाग के अनुसार, मंगलवार सुबह तक ग्रीष्मकालीन राजधानी श्रीनगर में 3.5 सेमी, घाटी के प्रवेश द्वार काजीगुंड में 21 सेमी, पहलगाम में 11.7 सेमी और कुपवाड़ा में 23 सेमी हिमपात दर्ज की गयी। प्रसिद्ध स्की रिसॉर्ट गुलमर्ग में सबसे अधिक 31 सेमी हिमपात हुई।

पश्चिमी विक्षोभ के कारण कश्मीर क्षेत्र में आज हल्की से मध्यम हिमपात जारी रहने का अनुमान है, जिसमें शाम तक सुधार के आसार हैं।

पिछले शुक्रवार को कश्मीर में इस सीजन की पहली बड़ी हिमपात के साथ सूखे का लंबा दौर खत्म हुआ था, जिससे स्थानीय लोगों और पर्यटकों के चेहरे खिल गए थे। हालांकि, इस हिमपात के कारण आवश्यक सेवाएं व्यापक रूप से बाधित हुई हैं।

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