आगरमालवा , सितंबर 04 -- मध्यप्रदेश के आगरमालवा जिला मुख्यालय स्थित नई कृषि उपज मंडी के किसान भवन में आज शुक्रवार को भारतीय किसान संघ की जिला बैठक में किसानों की समस्याओं के प्रति कथित तौर पर नकारात्मक एवं असंवेदनशील रवैया अपनाने तथा किसानों में फूट डालने का आरोप लगाते हुए कलेक्टर डॉ. शेर सिंह मीणा के खिलाफ सर्वसम्मति से निंदा प्रस्ताव पारित किया गया।
बैठक के बाद संघ के प्रतिनिधियों ने मध्यप्रदेश शासन के मुख्य सचिव के नाम ज्ञापन अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रविंद्र कुमार बोयत को सौंपकर कलेक्टर को जिले से हटाने की मांग की।
किसान संघ के प्रतिनिधियों ने पत्रकार वार्ता में बताया कि दो सितंबर को किसानों की प्रमुख समस्याओं को लेकर कलेक्टर के साथ आधिकारिक चर्चा हुई थी। इसमें वर्ष 2025 की फसल बीमा राशि के भुगतान सहित किसानों की अन्य मांगें रखी गई थीं। किसान प्रतिनिधियों का आरोप है कि समस्याओं के समाधान के बजाय कलेक्टर ने किसान नेताओं पर ही किसानों को भड़काने का आरोप लगाया।
संघ ने कहा कि कलेक्टर के कथित रवैये के विरोध में निंदा प्रस्ताव मुख्यमंत्री और मुख्य सचिव को भेजा गया है। संघ का कहना है कि आम जनता और किसानों की समस्याओं को सुनने में रुचि नहीं रखने वाले अधिकारी को जिले से हटाया जाना चाहिए।
भारतीय किसान संघ ने चेतावनी दी है कि यदि किसानों की मांगों पर कार्रवाई नहीं हुई और प्रशासन के रवैये में सुधार नहीं आया तो आंदोलन किया जाएगा। इसके तहत जिला मुख्यालय पर प्रदर्शन कर कलेक्टर कार्यालय का घेराव और तालाबंदी करने की चेतावनी दी गई है।
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