चंडीगढ़ , मार्च 11 -- केन्द्र शासित प्रदेश चंडीगढ़ में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (कानून एवं व्यवस्था) कंवरदीप कौर का तीन साल का कार्यकाल आठ मार्च को पूरा हो गया है। इसी बीच वह छुट्टी पर चली गई हैं, जिसके बाद उनका अस्थायी प्रभार एसएसपी ट्रैफिक सुमेर प्रताप को सौंपा गया है।
सूत्रों के अनुसार सुश्री कौर ने अपने कार्यकाल में एक साल का एक्सटेंशन देने के लिए आवेदन भेजा है लेकिन अभी तक इसकी औपचारिक मंजूरी नहीं मिली है। हालांकि जानकारी के मुताबिक एक्सटेंशन के लिए पंजाब सरकार की ओर से अनापत्ति (एनओसी) दी जा चुकी है और चंडीगढ़ प्रशासन ने भी प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है।
इसके अलावा गृह मंंत्रालय मामले की ओर से भी फाइल को मंजूरी दी गयी है और अब अंतिम मंजूरी के लिए फाइल प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के पास भेजी गई है।
गौरतलब है कि चंडीगढ़ में एसएसपी पद पर यूटी कैडर के अधिकारी की नियुक्ति की मांग पहले भी उठती रही है। पूर्व में भी बेहतर प्रशासन और अधिकारियों के बीच तालमेल बनाए रखने के लिए गृह मंत्रालय को इस संबंध में पत्र भेजा गया था।
दरअसल, आतंकवाद के दौर में चंडीगढ़ को अशांत क्षेत्र घोषित किया गया था और उस समय हालात से निपटने के लिए पहली बार पंजाब कैडर के भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) अधिकारी सुमेध सिंह सैनी को यहां तैनात किया गया था। हालांकि अब अशांत क्षेत्र का टैग हटे कई साल हो चुके हैं, लेकिन एसएसपी पद पर पंजाब कैडर के अधिकारियों को लगाए जाने पर लगातार सियासत गर्म देखने को मिलती है सियासी बयान अक्सर चंडीगढ़ एसएसपी पद को लेकर होते रहते हैं कि अब यूटी कैडर का भी एसपी लगाया जाए।
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