प्रयागराज , अक्टूबर 28 -- उत्तर प्रदेश के प्रयागराज के स्वरूपरानी नेहरू (एसआरएन) अस्पताल में डॉक्टर और वकीलों के बीच हुए विवाद के मामले में नया मोड़ सामने आया है। मेडिसिन विभाग के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. विभू मिश्रा की तहरीर पर मंगलवार देर रात जॉर्जटाउन थाने में एफआईआर दर्ज कर ली गई है। तहरीर में अज्ञात वकीलों के झुंड पर जानलेवा हमला करने, मारपीट, मोबाइल फोन, पर्स और सोने की चेन छीनने तथा कार में तोड़फोड़ करने का आरोप लगाया गया है। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।दोपहर साढ़े 12.30 बजे के करीब हुई घटना डॉ. विभू मिश्रा ने पुलिस को दी गई तहरीर में बताया कि 26 अक्टूबर दोपहर करीब 12:30 बजे वह स्वरूप रानी नेहरू अस्पताल के मोड़ के पास थे। आरोप है कि उसी दौरान वकीलों के एक समूह ने उन्हें घेर लिया और उनके साथ मारपीट शुरू कर दी।तहरीर के अनुसार हमले में उनके सिर, कंधे की हड्डी और शरीर के अन्य हिस्सों में गंभीर चोटें आईं। घटना के बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है।
एफआईआर के अनुसार, मारपीट के दौरान हमलावर उनका मोबाइल फोन, पर्स और सोने की चेन भी छीन ले गए।आरोप है कि उनकी कार को भी बुरी तरह क्षतिग्रस्त कर दिया गया, जिससे उन्हें आर्थिक नुकसान हुआ। डॉ. मिश्रा ने कहा है।कि इस घटना से उनके चिकित्सकीय कार्य भी प्रभावित हुए हैं। तहरीर में यह भी कहा गया है कि घटना के दौरान एमबीबीएस छात्र अनुज शर्मा, तेजस जोशी, उत्कर्ष शर्मा, आर्य श्रीवास्तव, बलराम, राकेश, वसीम रज़ा और अभिषेक बादव के साथ भी मारपीट की गई। सभी छात्रों को चोटें आने का दावा किया गया है और उनका इलाज चल रहा है।
डॉ. विभू मिश्रा ने तहरीर में कहा है कि घटना के बाद उन्हें अपनी जान-माल और व्यक्तिगत सुरक्षा को लेकर गंभीर आशंका है। उन्होंने पुलिस से दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने और सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग की है।जॉर्जटाउन पुलिस ने डॉ. विभू मिश्रा की तहरीर के आधार पर एफआईआर दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। घटनास्थल के साक्ष्य, सीसीटीवी फुटेज और अन्य उपलब्ध तथ्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ाई जा रही है।
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