रायपुर , अक्टूबर 07 -- छत्तीसगढ़ कांग्रेस ने विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के दौरान मतदाता सूची से हटाए गए नामों को लेकर चुनाव आयोग से जिला, विधानसभा क्षेत्र और मतदान केंद्रवार विवरण सार्वजनिक करने की मांग की है।
प्रदेश कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने बुधवार को कहा कि एसआईआर के बाद मतदाता सूची से छूटे करीब 19 लाख लोगों के नाम जोड़ने के लिए अब विशेष अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने सवाल किया कि यदि ये मतदाता पात्र हैं तो एसआईआर के दौरान इनके नाम किस आधार पर सूची से हटाए गए थे। प्रदेश में एसआईआर के बाद छूटे करीब 19 लाख नागरिकों को मतदाता सूची में शामिल करने के लिए एक महीने का विशेष अभियान शुरू होने की जानकारी सामने आई है।
श्री ठाकुर ने मांग की कि चुनाव आयोग यह बताए कि किस जिले, विधानसभा क्षेत्र और मतदान केंद्र से कितने मतदाताओं के नाम हटाए गए और प्रत्येक नाम हटाने का आधार क्या था। इसके साथ ही नाम हटाने की प्रक्रिया, प्राप्त दावा-आपत्तियों और संबंधित मतदाताओं को दी गई सूचना का विवरण भी सार्वजनिक किया जाए, ताकि राजनीतिक दल और आम नागरिक इसकी जांच कर सकें।
उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने एसआईआर के दौरान मतदाता सूची में गड़बड़ी की शिकायतें की थीं, लेकिन उन पर अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने कहा कि लाखों मतदाताओं के नाम सूची से बाहर होने के कारण संबंधित लोगों को दोबारा प्रक्रिया पूरी करनी पड़ रही है और इसके लिए जिम्मेदारी तय की जानी चाहिए।
कांग्रेस प्रवक्ता ने आरोप लगाया कि एसआईआर के दौरान मतदाताओं के नाम हटाने से चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूची की विश्वसनीयता पर सवाल खड़े हुए हैं। उन्होंने दावा किया कि इससे कांग्रेस समर्थक मतदाता प्रभावित हुए और भाजपा को राजनीतिक लाभ पहुंचाने की कोशिश की गई।
उल्लेखनीय है कि निर्वाचन विभाग के विशेष अभियान के तहत बूथ स्तर के अधिकारी घर-घर जाकर छूटे पात्र मतदाताओं से संपर्क करेंगे और फॉर्म-6 के माध्यम से नाम जोड़ने की प्रक्रिया में सहायता करेंगे।
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