मुंबई , जुलाई 29 -- महाराष्ट्र राज्य सामान्य प्रवेश परीक्षा (एमएचटी सीईटी) सेल की दर्ज करायी गयी पुलिस शिकायत की जांच मुंबई अपराध शाखा करेगी।
इसकी जानकारी बुधवार को यहां एक उच्च पदस्थ पुलिस अधिकारी ने दी।
यह शिकायत एक वायरल ऑडियो क्लिप को लेकर दर्ज करायी गयी है, जिसमें कथित तौर पर एक इंजीनियरिंग अभ्यर्थी को 12 लाख रुपये में 'विशेष' परीक्षा केंद्र देने की पेशकश की जा रही है।
इस ऑडियो क्लिप का संज्ञान लेने के बाद सीईटी सेल ने सोमवार को राज्य साइबर सेल और आजाद मैदान पुलिस थाने में शिकायत दर्ज करायी थी। ऑडियो क्लिप की सत्यता की हालांकि स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है।
ऑडियो क्लिप के अनुसार एक महिला एक अभिभावक को आश्वासन देती सुनायी दे रही है कि किसी उम्मीदवार को उच्च पर्सेंटाइल दिलाने और प्रतिष्ठित सरकारी सहायता प्राप्त इंजीनियरिंग कॉलेज में प्रवेश दिलाने की व्यवस्था की जा सकती है।
एमएचटी सीईटी सेल के आयुक्त और मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) दिलीप सरदेसाई ने परीक्षा केंद्र आवंटन में गड़बड़ी के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि यह प्रक्रिया पूरी तरह से कम्प्यूटरीकृत और क्रमरहित है।
उन्होंने बताया कि उम्मीदवारों को चार पसंदीदा परीक्षा शहर चुनने की अनुमति होती है, जबकि महिला उम्मीदवार अपने गृह जिले में ही परीक्षा केंद्र चुन सकती हैं। आवंटित शहर की जानकारी परीक्षा से लगभग एक सप्ताह पहले दे दी जाती है, जबकि सटीक परीक्षा केंद्र का खुलासा दो दिन पहले किया जाता है।
श्री सरदेसाई ने कहा कि सीईटी सेल ने अधिकारियों से वायरल ऑडियो की सत्यता की जांच करने और इसे बनाने एवं प्रसारित करने वाले जिम्मेदार लोगों की पहचान करने का अनुरोध किया है। उन्होंने आगाह किया कि बिना पुष्टि वाली जानकारी फैलने से राज्य की प्रवेश परीक्षा प्रणाली में जनता का विश्वास कम हो सकता है।
इस ऑडियो क्लिप ने छात्रों और अभिभावकों के बीच चिंता पैदा कर दी है और कई लोग एमएचटी सीईटी प्रक्रिया की पारदर्शिता पर सवाल उठा रहे हैं। विपक्षी कांग्रेस ने भी गहन जांच की मांग करते हुए आरोप लगाया है कि सामान्य शैक्षणिक रिकॉर्ड वाले कुछ उम्मीदवारों ने इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षा में लगभग शत-प्रतिशत पर्सेंटाइल हासिल किये हैं।
छात्रों, अभिभावकों और विपक्ष ने यह कहते हुए व्यापक जांच की मांग की है कि परीक्षा प्रक्रिया की विश्वसनीयता और मेधावी छात्रों के हितों की रक्षा की जानी चाहिए।
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