तिरुवनंतपुरम , अक्टूबर 08 -- राष्ट्रीय महिला आयोग (एनसीडब्ल्यू) ने कोल्लम में अधिक दहेज की मांग को लेकर उसके साथ की गई शारीरिक और मानसिक प्रताड़ना की निष्पक्ष, गहन और समयबद्ध जांच करने को कहा है।

आयोग ने एक मीडिया रिपोर्ट का स्वतः संज्ञान लेते हुए कहा कि अंजू नाम की महिला को उसके पति नंदू और उसके माता-पिता द्वारा लगातार परेशान किया गया और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया गया। महिला की प्रताड़ना केरल और सऊदी अरब दोनों जगहों पर हुई, जहां उसका पति नौकरी करता है। गत 30 सितंबर को केरल लौटने और अधिकारियों के पास शिकायत दर्ज कराने से पहले अंजू के शरीर पर चोट के लगभग 30 गंभीर निशान और खून के थक्के पाए गए थे।

रिपोर्टाें के अनुसार चावरा पुलिस ने इन आरोपों के संबंध में उसके पति और उसके माता-पिता के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है। एनसीडब्ल्यू की अध्यक्ष विजया रहाटकर ने संबंधित अधिकारियों को पत्र लिखकर आरोपी की गिरफ्तारी के लिए तत्काल कानूनी कार्रवाई की मांग की है। आरोपी के सऊदी अरब में होने की जानकारी है। आयोग ने अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने का भी निर्देश दिया है कि भौतिक और डिजिटल सबूत सुरक्षित रखे जाएं और चोटों का विस्तृत मेडिकल और न्यायिक दस्तावेजीकरण किया जाए। इसने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) और दहेज निषेध अधिनियम के लागू प्रावधानों के तहत सख्त कार्रवाई की मांग की है।

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