नैनीताल , फरवरी 24 -- उत्तराखंड में नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य ने कहा कि ऊर्जा विभाग में जिस प्रकार जुगाड़, हेराफेरी, भ्रष्टाचार और सुनियोजित षड्यंत्र के माध्यम से एक तृतीय श्रेणी कर्मचारी को प्रबंध निदेशक (एमडी) के पद तक पहुँचाया गया, वह केवल एक अनियमित पदोन्नति नहीं बल्कि पूरे शासन-प्रशासन की साख पर करारा तमाचा है।

यह घटना साबित करती है कि विभाग योग्यता, अनुभव और नियमों से नहीं बल्कि राजनीतिक संरक्षण, सांठगांठ और मिलीभगत से चल रहा है। श्री आर्य ने कहा कि प्रदेश को "ऊर्जा प्रदेश" बनाने के बड़े-बड़े दावे किए गए लेकिन हकीकत यह है कि ऊर्जा विभाग को भ्रष्टाचार का अड्डा बना दिया गयाहै।

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