औरंगाबाद, मई 25 -- केंद्र तथा राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी उत्तर कोयल नहर परियोजना के जारी निर्माण कार्यों की अद्यतन स्थिति की बिहार के मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत ने सोमवार को उच्चस्तरीय समीक्षा की।

इस समीक्षा बैठक में जिलाधिकारी, औरंगाबाद अभिलाषा शर्मा ,अपर समाहर्ता , अनुग्रह नारायण सिंह, जिला भू-अर्जन पदाधिकारी उपेंद्र पंडित सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े ।

समीक्षा के दौरान परियोजना के विभिन्न पैकेजों के अंतर्गत चल रहे निर्माण कार्यों, भौतिक प्रगति, मशीनरी एवं मानव संसाधन की उपलब्धता, भूमि अधिग्रहण, निविदा प्रक्रिया तथा वितरण प्रणाली की स्थिति का विस्तृत अवलोकन किया गया।

समीक्षा के क्रम में परियोजना की कुल प्रगति पर चर्चा करते हुए बताया गया कि परियोजना की समग्र प्रगति 51.47 प्रतिशत दर्ज की गई है, जबकि कुल भौतिक प्रगति 34.15 प्रतिशत है। विगत सात दिनों में 1.06 प्रतिशत भौतिक प्रगति दर्ज की गई।

बैठक में निर्माण एजेंसियों द्वारा उपलब्ध मशीनरी एवं मानव संसाधन की स्थिति की भी समीक्षा की गई। मुख्य अभियंता, औरंगाबाद एवं गया की ओर से प्रस्तुत प्रतिवेदन के अनुसार विभिन्न पैकेजों में कुल आवश्यक 310 मशीनों के विरुद्ध 164 मशीनें तथा आवश्यक 1241 मानव संसाधन के विरुद्ध 499 मानव संसाधन उपलब्ध पाए गए, जो क्रमशः 52.90 प्रतिशत एवं 40.21 प्रतिशत उपलब्धता को दर्शाता है।

समीक्षा के दौरान वितरण प्रणाली से संबंधित लंबित निविदा प्रक्रियाओं पर भी चर्चा हुई। बताया गया कि नवीनगर, अंबा, औरंगाबाद एवं मदनपुर डिवीजन सहित गया एनकेसीडी की वितरण प्रणाली हेतु पुनर्निविदा की प्रक्रिया वॉप्कास द्वारा अभी तक पूर्ण नहीं की गई है। साथ ही गया वितरण प्रणाली के एक भाग हेतु निविदा प्रक्रिया प्रारंभ नहीं होने पर भी चिंता व्यक्त की गई।

बैठक में शेष वितरण प्रणाली के प्राक्कलन पर 17 अप्रैल 2026 को दिए गए अवलोकनों के अनुपालन की स्थिति की समीक्षा की गई। साथ ही कार्य मद में 75.60 करोड़ की मदर सैंक्शन हेतु केंद्रीय जल आयोग से अनुरोध किए जाने की जानकारी दी गई।

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