नैनीताल, जून 03 -- उत्तराखंड के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेनि.) ने राज्य के महिलाओं की उद्यमशीलता एवं आत्मनिर्भरता को नई पहचान दिलाने वाली महिला स्वयं सहायता समूहों के कार्यों की जमकर सराहना की।

बुधवार को लोक भवन नैनीताल में आयोजित महिला स्वयं सहायता समूहों की उत्पाद प्रदर्शनी का अवलोकन करते हुए राज्यपाल ने कहा कि उत्तराखंड की मातृशक्ति अपनी प्रतिभा,मेहनत और नवाचार के बल पर आत्मनिर्भरता की नई कहानी लिख रही है और यही राज्य के विकास की मजबूत आधारशिला है।

प्रदर्शनी में नैनीताल जिले के भीमताल,कोटाबाग, धारी, रामगढ़, हल्द्वानी और रामनगर विकासखंडों के महिला स्वयं सहायता समूहों ने अपने उत्पादों का प्रदर्शन किया। राज्यपाल ने वुडन कलाकृतियों, ऐपण कला, बेकरी उत्पादों, अचार, जैम, मसालों और विभिन्न हस्तशिल्प उत्पादों का अवलोकन किया तथा उनकी गुणवत्ता और प्रस्तुतीकरण की सराहना की।

राज्यपाल ने महिला समूहों से संवाद किया और उनके उत्पादों, उत्पादन प्रक्रिया तथा विपणन गतिविधियों की जानकारी ली। इस दौरान उन्होंने "लखपति दीदी" बनी महिलाओं को सम्मानित भी किया।

उन्होंने कहा कि महिलाओं ने अब स्वयं को केवल उत्पाद निर्माण तक सीमित नहीं रखा है बल्कि गुणवत्ता सुधार, डिजिटलीकरण, विपणन और उपभोक्ताओं की जरूरतों को समझते हुए अपने कार्यक्षेत्र का लगातार विस्तार किया है। यह उनके बढ़ते आत्मविश्वास और सफलता की ओर बढ़ते कदमों का प्रमाण है।

राज्यपाल ने कहा कि वर्तमान समय में केवल उत्पाद तैयार करना पर्याप्त नहीं है बल्कि उसकी आकर्षक पैकेजिंग, प्रभावी ब्रांडिंग और डिजिटल मार्केटिंग भी सफलता के महत्वपूर्ण आधार हैं। उन्होंने महिला उद्यमियों से अपने उत्पादों में अधिक से अधिक वैल्यू एडिशन और नवाचार अपनाने का आह्वान किया।

उन्होंने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि पिछले वर्ष की तुलना में स्वयं सहायता समूहों के उत्पादों की गुणवत्ता, विविधता और प्रस्तुतीकरण में उल्लेखनीय सुधार देखने को मिला है, जो महिलाओं की मेहनत और समर्पण का परिणाम है।

कार्यक्रम के दौरान राज्य की प्रथम महिला श्रीमती गुरमीत कौर, मुख्य विकास अधिकारी अरविंद पांडे, सहायक परियोजना निदेशक चंद्रा फर्त्याल, जिला विकास अधिकारी गोपाल गिरी गोस्वामी सहित विभिन्न स्वयं सहायता समूहों की सदस्याएं उपस्थित रहीं।

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