देहरादून , मई 06 -- उत्तराखंड में पिछले 48 घंटों में खराब मौसम के कारण केदारनाथ और बदरीनाथ की यात्रा पर आए चार यात्रियों की अस्वस्थता के कारण मृत्यु हो गई। जबकि चमोली जिले में बिजली गिरने से 413 भेड़-बकरियों की मौत होने के अलावा, अनेक घरों को नुकसान पहुंचा है।

राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण से बुधवार को मिली विस्तृत जानकारी के अनुसार, रुद्रप्रयाग जिले में 04 मई को पश्चिम बंगाल से सौमित्रा दुबे (53) श्री केदारनाथ जी के दर्शन को आये थे। जिन्हें सोनप्रयाग पुलिस थाने के समीप अचानक सांस लेने में तकलीफ होने पर एमआरपी सोनप्रयाग लाया गया जहां उपचार के दौरान उनकी मृत्यु होने की सूचना है। जबकि चमोली जिला आपातकालीन परिचालन केन्द्र से प्राप्त सूचना के अनुसार, मंगलवार को उत्तर प्रदेश की पुष्पा देवी (32) पत्नी लक्ष्मण रोनियाल की श्री बद्रीनाथ मंदिर के समीप स्वास्थ्य खराब होने के कारण मृत्यु हो गई। इससे पहले सोमवार को महाराष्ट्र निवासी मक्खन लाल (70) पुत्र जगननाथ कोठारी की श्री बदरीनाथ धाम में बस स्टैण्ड के समीप स्वास्थ्य खराब होने के कारण मृत्यु हुई। इसके अलावा, उसी दिन सात 8:40 बजे महाराष्ट्र के ही सुरेश मल्होत्रम (61) पुत्र हरिदास की भी श्री बदरीनाथ धाम में मंदिर के समीप स्वास्थ्य खराब होने के कारण मृत्यु हुई है।

खराब मौसम के कारण इंटरनेट आपूर्ति भंग होने के कारण देर से मिली सूचनाओं के अनुसार, सोमवार को ही रात्रि लगभग 8:00 बजे तहसील चमोली के अन्तर्गत स्थान ग्राम गौणा की सीमान्तर्गत भनाली के समीप अतिवृष्टि एवं बिजली गिरने के कारण कुल 413 भेड़-बकरियों की मृत्यु हो गई। प्रभावित परिवारों की कुल संख्या 30 है। साथ ही एक व्यक्ति त्रिलोक सिंह पुत्र इन्द्र सिंह, निवासी ग्राम दुर्मी राजस्व उप निरीक्षक क्षेत्र गौणा की उक्त घटना में घायल होने की सूचना प्राप्त हुई है। जिन्हें उपचार को जिला चिकित्सालय गोपेश्वर में भर्ती किया।

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