भुवनेश्वर , अक्टूबर 21 -- ओडिशा के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) विनयतोष मिश्रा ने ड्यूटी के दौरान अपने प्राण न्यौछावर करने वाले पुलिसकर्मियों और केंद्रीय अर्धसैनिक बलों (सीएपीएफ) के जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा है कि उनका सर्वोच्च बलिदान पूरे पुलिस समुदाय को प्रेरित करता रहेगा।

ओडिशा पुलिस मुख्यालय में बुधवार को 67वें पुलिस स्मृति दिवस समारोह को संबोधित करते हुए श्री मिश्रा ने देश की सेवा और मातृभूमि की रक्षा में अपने जीवन का बलिदान देने वाले कर्मियों को नमन किया। उन्होंने शोक संतप्त परिवारों के प्रति अपनी संवेदना भी व्यक्त की।

इस दौरान पुलिस कर्मियों ने शहीदों को औपचारिक सलामी दी, जिसके बाद उनके सम्मान में दो मिनट का मौन रखा गया। इस दिन के ऐतिहासिक महत्व पर पुलिस महानिदेशक ने कहा कि 21 अक्टूबर 1959 को लद्दाख में चीनी सैनिकों के साथ मुठभेड़ में शहीद हुए केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के 10 जवानों की याद में पूरे देश में 21 अक्टूबर को पुलिस स्मृति दिवस के रूप में मनाया जाता है।

श्री मिश्रा ने बताया कि इस वर्ष विभिन्न राज्यों के पुलिस बलों और केंद्रीय अर्धसैनिक बलों के 154 कर्मियों ने अपने कर्तव्यों का पालन करते हुए शहादत दी है। उन्होंने राज्य में माओवादी विरोधी अभियानों के दौरान अपनी जान गंवाने वाले ओडिशा पुलिस और अर्धसैनिक बलों के जवानों को विशेष रूप से श्रद्धांजलि दी। उन्होंने कहा कि उनके साहस, बलिदान और निरंतर प्रयासों ने ओडिशा में माओवादी हिंसा का मुकाबला करने और शांति बहाल करने में अहम भूमिका निभाई है।

श्री मिश्रा ने शहीदों के परिवारों के अदम्य साहस और सहनशीलता को भी नमन किया, जिनके त्याग और संघर्ष अपने प्रियजनों की सेवा से अटूट रूप से जुड़े होते हैं।

पुलिस बलों की बढ़ती जिम्मेदारियों पर श्री मिश्रा ने कहा कि पुलिसिंग अब पारंपरिक अपराधों को नियंत्रित करने से कहीं आगे निकल चुकी है। कर्मियों को अब महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने, यातायात प्रबंधन और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के साथ-साथ आतंकवाद, माओवाद, संगठित अपराध, साइबर अपराध और नशीले पदार्थों की तस्करी से भी निपटना पड़ रहा है।

उन्होंने उभरती चुनौतियों से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए आधुनिक तकनीक को अपनाने, निरंतर प्रशिक्षण और कौशल विकास के माध्यम से पुलिस कर्मियों की पेशेवर क्षमताओं को मजबूत करने की आवश्यकता पर जोर दिया।

पुलिस अधिकारियों और कर्मियों से अपनी जिम्मेदारियों के प्रति प्रतिबद्ध रहने का आह्वान करते हुए श्री मिश्रा ने उनसे पूरी ईमानदारी, साहस और समर्पण के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन करने तथा जनता का विश्वास और भरोसा जीतने का आग्रह किया।

उन्होंने कहा कि पुलिस बल को एक सुरक्षित, शांतिपूर्ण और अपराध मुक्त ओडिशा के निर्माण की दिशा में काम करना चाहिए।

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