इटावा , जून 4 -- उत्तराखंड के ऐतिहासिक चिपको आंदोलन की तरह पर्यावरण संरक्षण की भावना को आगे बढ़ाने का प्रयास अब उत्तर प्रदेश के इटावा का एक नौ वर्षीय बालक कर रहा है। कक्षा चार में पढ़ने वाला एल्विस कुशवाहा अपना जन्मदिन धूमधाम से मनाने के बजाय लोगों को पौधे भेंट कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दे रहा है।

इटावा के अजीतनगर निवासी एल्विस कुशवाहा अब तक लगभग 800 पौधे लोगों को वितरित कर चुका है। इनमें अमरूद, जामुन, आंवला, आम, तुलसी और क्रिसमस ट्री जैसे पौधे शामिल हैं। वह अपने मित्रों, परिचितों तथा समाज के विभिन्न वर्गों के लोगों को पौधे लगाकर उनकी देखभाल करने के लिए प्रेरित करता है।

एक सितंबर 2017 को जन्मे एल्विस के पिता उमेश कुमार आगरा सिंचाई विभाग में अमीन के पद पर कार्यरत हैं, जबकि उनकी मां पूजा कुशवाहा मूल रूप से झांसी की रहने वाली हैं। एल्विस के पर्यावरण प्रेम की नींव उसकी मां और विशेष रूप से उसके नाना रमेश कुशवाहा ने रखी। रमेश कुशवाहा स्वयं पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक हैं और उन्होंने अपने घर पर बड़ी संख्या में पौधे लगाए हुए हैं। वर्तमान में वह मुजफ्फरनगर में पावर कॉरपोरेशन में अवर अभियंता के पद पर कार्यरत हैं।

परिवार के अनुसार एल्विस ने वर्ष 2019 में कोविड-19 महामारी के दौरान पर्यावरण संरक्षण को अपना लक्ष्य बनाया। उसकी मां पूजा कुशवाहा बताती हैं कि एल्विस ने घर में एक गुल्लक बनाई हुई है, जिसमें वह उपहार स्वरूप मिलने वाले पैसे जमा करता है। इन पैसों से खिलौने खरीदने के बजाय वह पौधे खरीदता है और उन्हें लोगों में वितरित करता है।

एल्विस का यह अभियान केवल उसके जन्मदिन तक सीमित नहीं है। विश्व पर्यावरण दिवस और अन्य अवसरों पर भी वह पौधारोपण एवं पौधों के वितरण का कार्य करता है। केंद्र सरकार की "एक पेड़ मां के नाम" पहल में भी उसने विशेष रुचि दिखाई है।

वर्ष 2022 में दिल्ली पब्लिक स्कूल, इटावा में प्रवेश लेने के समय उसने विद्यालय की प्रधानाचार्य भावना सिंह को भी एक पौधा भेंट किया था। कोविड काल में जब अधिकांश बच्चे घरों तक सीमित थे, उस समय एल्विस अपने साथियों को पौधे लगाने के लिए प्रेरित कर रहा था।

अपने अभियान के दौरान एल्विस कई प्रमुख व्यक्तियों को पौधे भेंट कर चुका है। इनमें जिला पंचायत अध्यक्ष अभिषेक यादव, विधायक सरिता भदौरिया तथा विभिन्न सामाजिक और शैक्षणिक संस्थानों के पदाधिकारी शामिल हैं।

इटावा के प्रभागीय वनाधिकारी (डीएफओ) विकास नायक ने भी एल्विस और उसकी मां को अपने कार्यालय में आमंत्रित कर सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि इतनी कम उम्र में पर्यावरण के प्रति उसकी जागरूकता प्रेरणादायक है। वन विभाग भविष्य में उसे पौधारोपण से जुड़ी विभिन्न योजनाओं से जोड़ने की योजना बना रहा है।

एल्विस का पर्यावरण अभियान केवल इटावा तक सीमित नहीं है। वर्ष 2025 में उसने मध्य प्रदेश के दतिया स्थित हवाई अड्डे परिसर में पौधारोपण किया। वहीं आंध्र प्रदेश के तिरुपति में दर्शन के बाद श्रद्धालुओं के बीच तुलसी के पौधे वितरित कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया।

इटावा महोत्सव के अंतर्गत आयोजित पर्यावरण छात्र संसद में भी एल्विस को उसके उल्लेखनीय योगदान के लिए कई बार सम्मानित किया जा चुका है। कम उम्र में पर्यावरण संरक्षण के प्रति उसका समर्पण समाज के लिए प्रेरणा बनता जा रहा है।

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