हैदराबाद , मई 06 -- कृषि अनुसंधान एवं शिक्षा विभाग के सचिव और भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (आईसीएआर) के महानिदेशक डॉ. मांगी लाल जाट ने बुधवार को हैदराबाद स्थित आईसीएआर-भारतीय चावल अनुसंधान संस्थान (आईआईआरआर) में 12 करोड़ रुपये की लागत वाली 'स्पीड ब्रीडिंग फैसिलिटी' की आधारशिला रखी। इसके साथ ही उन्होंने 1.6 करोड़ रुपये की लागत से तैयार एक आधुनिक बीज गोदाम का भी उद्घाटन किया।

इन नयी इकाइयों का मुख्य उद्देश्य चावल की ऐसी उन्नत किस्मों के विकास की गति को बढ़ाना है जो अधिक पैदावार देने वाली, जलवायु परिवर्तन के प्रति प्रतिरोधी और तनाव सहन करने में सक्षम हों। 'स्पीड ब्रीडिंग फैसिलिटी' से फसलों के प्रजनन चक्र के समय में काफी कमी आने की उम्मीद है, जिससे नयी किस्में जल्दी विकसित की जा सकेंगी। वहीं, आधुनिक बीज गोदाम गुणवत्तापूर्ण बीजों के सुरक्षित भंडारण और किसानों तक उनके समय पर वितरण को सुनिश्चित करने में मदद करेगा।

डॉ. जाट ने सभा को संबोधित करते हुए चावल अनुसंधान के क्षेत्र में आईआईआरआर के वैज्ञानिकों के योगदान की सराहना की। उन्होंने कहा कि यह नया बुनियादी ढांचा उन्नत अनुसंधान को प्रभावी बीज प्रणालियों के साथ जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने जोर देकर कहा कि 'विकसित भारत के लिए विकसित कृषि' के संकल्प को पूरा करने के लिए अनुसंधान को मजबूत करना और किसानों तक बेहतर बीजों की पहुंच बढ़ाना अनिवार्य है।

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