लखनऊ/प्रयागराज , अक्टूबर 22 -- आम आदमी पार्टी (आप) की उत्तर प्रदेश प्रभारी एवं राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने कहा है कि पार्टी की "रोजगार दो, सामाजिक न्याय दो" पदयात्रा की तिथियाँ बदली गई हैं। अब यह पदयात्रा 12 नवंबर से 24 नवंबर तक अयोध्या से प्रयागराज (सरयू से संगम) तक निकाली जाएगी। पहले यह यात्रा 11 नवंबर से प्रस्तावित थी, लेकिन बिहार विधानसभा चुनाव के अंतिम चरण के मतदान के कारण तिथियों में परिवर्तन किया गया है।

बुधवार को प्रयागराज सर्किट हाउस में आयोजित संवाददाता सम्मेलन में संजय सिंह ने कहा कि यह पदयात्रा युवाओं को रोजगार और समाज में न्याय दिलाने की दिशा में एक बड़ा आंदोलन होगी। उन्होंने प्रदेश में बेरोजगारी, भर्ती परीक्षाओं में पेपर लीक और अस्थायी कर्मचारियों की समस्याओं को गंभीर बताते हुए कहा कि आम आदमी पार्टी इन मुद्दों को लेकर जनता के बीच जाएगी।

उन्होंने सामाजिक भेदभाव और हिंसा की बढ़ती घटनाओं पर चिंता जताते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश में हाल के दिनों में कई घटनाएं बेहद दुखद रही हैं, कहीं किसी का सिर मुंडवाया जा रहा है, कहीं दलितों से अमानवीय व्यवहार हो रहा है, तो कहीं आरक्षण के अधिकारों का हनन किया जा रहा है।

संजय सिंह ने कहा, "हम उस सनातन धर्म में विश्वास करते हैं जो वसुधैव कुटुंबकम की भावना पर आधारित है। जब ईश्वर ने पूरे संसार को बनाया है तो जाति और धर्म के नाम पर नफरत का कोई औचित्य नहीं है। रामचरितमानस की चौपाई 'सब नर करहिं परस्पर प्रीति' ही हमारे धर्म की आत्मा है।"बिहार चुनावों पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि वहाँ मतदाता सूची में भारी अंतर है। उनके दावे के अनुसार सितंबर 2025 तक 18 वर्ष से ऊपर की आबादी 8 करोड़ 22 लाख थी, जबकि मतदाता सूची लगभग 7 करोड़ 42 लाख बनी। उनका कहना था कि इस तरह से करीब 80 लाख वोट पहले ही कट चुके हैं। वे डुप्लीकेट वोटों और अजीब नाम-एंट्री का भी जिक्र कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि महज़ 315 घुसपैठिए मिले हैं, जिसमें 78 मुसलमान है, बाकी नेपाल के हिंदू हैं जिसके कारण यह पूरी प्रक्रिया चलाई गई। भाजपा दरअसल भ्रमित करके जुमला फेंक के चुनाव लड़ना चाहती है।

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