सोलन , सितंबर 01 -- हिमाचल प्रदेश में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने एक बड़ी सफलता हासिल करते हुये इस साल की शुरुआत में सोलन में नालागढ़ पुलिस स्टेशन के बाहर हुये अत्याधुनिक विस्फोटकों (आईईडी) से किये गये विस्फोट मामले में तीन और संदिग्धों को गिरफ्तार किया है।

इससे इस मामले में अब तक गिरफ्तार किये गये लोगों की कुल संख्या छह हो गयी है।

वहीं हालिया गिरफ्तारियां आतंकवाद विरोधी जांच की व्यापकता को दर्शाती हैं। इस मामले में जांचकर्ता अब हिमाचल प्रदेश में हमले की योजना बनाने और उसे अंजाम देने में कथित तौर पर शामिल व्यापक गिरोह पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं।

जांच एजेंसी के अधिकारियों के अनुसार, हाल ही में गिरफ्तार किये गये तीनों संदिग्धों से पूछताछ की जा रही है, जिससे साजिश में उनकी व्यक्तिगत भूमिका का पता लगाया जा सके और इस ऑपरेशन को अंजाम देने में इस्तेमाल किये गये वित्तीय और रसद संबंधी चैनलों का पता लगाया जा सके। जांचकर्ता गिरोह के अन्य सदस्यों की पहचान करने के लिये अंतर-राज्यीय और अंतर-क्षेत्रीय संबंधों की भी जांच कर रहे हैं।

एजेंसी ने जानकारी दी कि इससे पहले कई राज्यों में की गयी जांच के दौरान इस मामले में तीन कथित प्रमुख आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था। इस नवीनतम गिरफ्तारियों के साथ, जांच अब तात्कालिक अपराधियों की पहचान करने से आगे बढ़कर हमले के पीछे की व्यापक साजिश और समर्थक गिरोह का पर्दाफाश करने की ओर बढ़ गयी है।

गौरतलब है कि विस्फोट के तुरंत बाद, सोशल मीडिया पर कई पोस्ट सामने आये थे, जिनमें हमले की जिम्मेदारी बब्बर खालसा इंटरनेशनल (बीकेआई) और पंजाब संप्रभुता गठबंधन (पीएसए) पर डाली गयी थी। इन पोस्टों में दावा किया गया था कि यह विस्फोट हिमाचल प्रदेश पुलिस द्वारा राज्य में कृत्रिम दवाओं के निर्माण के खिलाफ कथित निष्क्रियता के प्रतिशोध में किया गया था।

इन दावों में नामित संगठनों की प्रामाणिकता और सटीक भूमिका अभी भी जांच का विषय है। जांच एजेंसी ने बताया कि वह सोशल मीडिया पर किये गये दावों के स्रोत और उद्देश्य सहित सभी संभावित पहलुओं की जांच जारी रखे हुये है।

जांच एजेंसी के मुताबिक एनआईए अब हमले की कथित योजना और वित्तपोषण से लेकर सामग्री की खरीद, कर्मियों की आवाजाही और ब्लास्ट को अंजाम देने तक की पूरी कड़ी स्थापित करने के लिये काम कर रही है। इस व्यापक आपराधिक साजिश की जांच जारी है और आगे और गिरफ्तारियों से इनकार नहीं किया जा सकता है।

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