नयी दिल्ली , अक्टूबर 24 -- बेंगलुरु में इंफोसिस माधवा चेयर प्रोफेसर (डॉ.) अशोक सेन 2026 के प्रतिष्ठित ऑस्कर क्लेन मेडल प्राप्त हुआ है। वह इस मेडल को प्राप्त करने वाले पहले भारतीय भौतिक विज्ञानी बन गए हैं। भारत सरकार के प्रधान वैज्ञानिक सलाहकार कार्यालय ने उन्हें इस सम्मान के लिए बधाई दी है।

प्रो. सेन को स्ट्रिंग थ्योरी में उनके अहम योगदान के लिए वैश्विक स्तर पर पहचाना जाता है। इसमें विशेष रूप से एस-डुएलिटी, ब्लैक होल एंट्रॉपी की सटीक गणना और स्ट्रिंग फील्ड थ्योरी पर किया गया उनका काम शामिल है। उनके शोध ने आधुनिक स्ट्रिंग थ्योरी को काफी आगे बढ़ाया है और मूलभूत भौतिकी की समझ को और गहरा किया है।

स्टॉकहोम यूनिवर्सिटी और रॉयल स्वीडिश एकेडमी ऑफ साइंसेज की भौतिकी के लिए नोबेल समिति द्वारा संयुक्त रूप से प्रदान किया जाने वाला 'ऑस्कर क्लेन मेडल', भौतिकी के क्षेत्र में दिए गए विशिष्ट योगदान को मान्यता देता है।

यह सम्मान प्रो. सेन की विशिष्ट उपलब्धियों में एक और नाम जोड़ता है, जिनमें फंडामेंटल फिजिक्स में ब्रेकथ्रू प्राइज (2012), डिराक मेडल (2014), पद्म श्री (2001) और पद्म भूषण (2013) शामिल हैं।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित