अलवर , जून 25 -- राजस्थान में खैरथल-तिजारा जिले में एक मंडी व्यापारी ने अलवर शहर में एक गेस्ट हाउस में रस्सी का फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली।
प्राप्त जानकारी के अनुसार आत्महत्या से पहले व्यापारी ने फेसबुक पर पोस्ट करके पुलिस अधिकारी पर गंभीर आरोप लगाए और कार्रवाई की मांग की।
मृतक की पहचान 52 वर्षीय राजेश गुप्ता के रूप में हुई है। राजेश ने फेसबुक पोस्ट में लिखा कि तिजारा थाने में तैनात एक पुलिसकर्मी के खिलाफ कार्रवाई की जाए। उसने आरोप लगाया कि उसके मामले से जुड़े सबूत और गवाहियां हटा दी गईं और उससे 18 हजार रुपये रिश्वत ली गई। पोस्ट में उसने लिखा कि "मरने वाला झूठ नहीं बोलता"। उसने संबंधित पुलिसकर्मी को सेवा से बर्खास्त करने की मांग की।
फेसबुक पोस्ट करने के बाद राजेश ने तिजारा के वृत्त अधिकारी शिवराज सिंह को भी संदेश भेजा। संदेश मिलने पर सीओ को आशंका हुई कि वह कोई गलत कदम उठा सकता है। इसके बाद पुलिस ने उसके स्थान तलाशने का प्रयास शुरू किया। शुरुआत में उसके ठिकाने की जानकारी नहीं मिलने पर सीओ स्वयं पुलिस जाप्ते के साथ राजेश के घर पहुंचे, लेकिन वहां भी उसके बारे में कोई जानकारी नहीं मिली। परिजनों ने बताया कि वह पिछले तीन दिनों से घर से लापता था।
बाद में तकनीकी सहायता से उसके अलवर शहर की तेज मंडी क्षेत्र के पास होने जानकारी मिली। इस पर पुलिस दल रॉयल गेस्ट हाउस पहुंची, जहां राजेश गुप्ता कमरे में पंखे से लटका हुआ मिला। उसे तत्काल नीचे उतारकर जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
श्री शिवराज सिंह ने बताया कि करीब दो वर्ष पहले राजेश एक महिला के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में रह रहा था। बाद में दोनों के बीच विवाद हो गया था। महिला सोनू ने राजेश के खिलाफ एससी-एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज कराया था, जबकि राजेश ने महिला के खिलाफ धोखाधड़ी (420) का मामला दर्ज कराया था। पुलिस जांच के बाद दोनों मामलों में अंतिम रिपोर्ट लगा दी गयी थी।
पुलिस के अनुसार राजेश को कुछ समय से व्यवसायिक नुकसान भी हो रहा था। उसने तिजारा मंडी में कथित कच्ची पर्चियों से संबंधित गड़बड़ी का भी जिक्र किया था।
फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है और मृतक द्वारा लगाए गए आरोपों की भी पड़ताल की जा रही है।
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