अलवर , जुलाई 30 -- राजस्थान में अलवर में पैन कार्ड की चोरी और आर्थिक धोखाधड़ी का बड़ा मामला सामने आया है।
शहर के मूंगस्का निवासी अंकित कुमार यादव के पैन कार्ड का कथित तौर पर दुरुपयोग करके उनके नाम से 12 करोड़ रुपये से अधिक का फर्जी कारोबार किए जाने का खुलासा हुआ है।
पीड़ित की शिकायत पर कार्रवाई नहीं होने के बाद मामला अदालत पहुंचा, जहां अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट संख्या-3, अलवर के आदेश पर अरावली विहार थाना पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
परिवाद के अनुसार अंकित कुमार यादव जब अपना स्वयं का व्यवसाय शुरू करने के लिए चार्टर्ड अकाउंटेंट के पास पहुंचे तो जांच में पता चला कि उनके पैन नंबर पर पहले से वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) पंजीकरण मौजूद है। आरोप है कि नई दिल्ली स्थित एक प्रतिष्ठान ने उनके पैन कार्ड का दुरुपयोग करते हुए वर्ष 2023-24 में दो करोड़ 62 लाख 15 हजार 452 रुपये और 2024-25 में नौ करोड़ 33 लाख 56 हजार 142 रुपये का कारोबार दर्शाया। यानी कुल मिलाकर करीब 11 करोड़ 95 लाख 71 हजार 594 रुपये का लेन-देन उनके नाम पर किया गया।
शिकायत में यह भी कहा गया है कि जीएसटी रिकॉर्ड में दूसरे मोबाइल नंबर और कोटक महिंद्रा बैंक का खाता दर्ज है, जबकि उनका केवल पंजाब नेशनल बैंक, अलवर में बचत खाता है और उन्होंने कभी जीएसटी पंजीकरण नहीं कराया।
अदालत ने मामले की जांच के निर्देश दिए। इसके बाद अरावली विहार थाना ने मामला दर्ज करके जांच उपनिरीक्षक भगवान सिंह को सौंपी है।
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