सागर , फरवरी 10 -- मध्यप्रदेश के सागर संभागायुक्त अनिल सुचारी ने संभाग के कृषि, सहकारिता, बैंकिंग और विपणन से जुड़े विभागों की समीक्षा बैठक में अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए हैं कि किसानों के हितों के साथ किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जिन डीलरों के खाद, बीज और कीटनाशकों के नमूने लगातार अमानक पाए जा रहे हैं, उनके खिलाफ केवल खानापूर्ति न करते हुए सीधे लाइसेंस निरस्त करने की सख्त कार्रवाई की जाए।

संभागायुक्त ने कृषि विभाग को निर्देशित किया कि बाजार में उपलब्ध कृषि सामग्री की नियमित और निरंतर सैंपलिंग की जाए तथा अमानक सामग्री की बिक्री पर तत्काल प्रभाव से प्रतिबंध लगाया जाए। उन्होंने कहा कि किसानों को नुकसान पहुंचाने वालों पर कठोर कार्रवाई आवश्यक है।

बैठक के दौरान वित्तीय स्थिति और राजस्व वसूली की समीक्षा करते हुए संभागायुक्त ने नाराजगी व्यक्त की। विशेष रूप से मध्यप्रदेश राज्य सहकारी बैंक (अपेक्स बैंक) द्वारा ऋण वसूली में लक्ष्य के विरुद्ध अत्यधिक कम प्रगति पाए जाने पर उन्होंने असंतोष जताते हुए शीघ्र वसूली के कड़े निर्देश दिए।

उन्होंने बीज प्रमाणीकरण की धीमी प्रगति पर भी चिंता व्यक्त करते हुए भौतिक सत्यापन कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए। वहीं मंडी बोर्ड की समीक्षा के दौरान यह सामने आया कि कुछ जिलों में फसलों की आवक बढ़ने के बावजूद मंडी आय में अपेक्षित वृद्धि नहीं हुई है। इस विसंगति को गंभीर मानते हुए संभागायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को फसलों की आवक और आय की गहन समीक्षा कर विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।

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