पटना , मई 25 -- बिहार के सभी थानों को जल्द ही एक नई प्रणाली इंटर ऑपरेवल क्रिमिनल जस्टिस सिस्टम (आईसीजेएस) से जोड़ दिया जायेगा। एडीजी (एससीआरबी एवं आधुनिकीकरण) अजीताभ कुमार ने संवाददाता सम्मलेन में बताया कि इस राष्ट्रीय प्रणाली की मदद से देशभर के सभी थानों के अलावा न्यायालय, जेल, सीसीटीवी (विधि विज्ञान प्रयोगशाला), पुलिस (थाना) और अभियोजन प्रणाली के साथ डाटा का आदान-प्रदान आसानी से होने के साथ ही केस की ट्रैकिंग सिस्टम को मजबूत करने में खासतौर से मदद मिलेगी। डाटा का आदान-प्रदान आसानी से हो सकेगा। उन्होंने कहा कि यह प्रणाली 2022 से शुरू की गई है, लेकिन इसके नए, उन्नत और विस्तृत संस्करण को जल्द ही नए सिरे से शुरू किया जा रहा है। इससे पूरे देश में पुलिस से संबंधित डाटा साक्षा करने में एकरूपता आ जाएगी।
एडीजी ने कहा कि राज्य में मौजूद 1382 थानों में अभी 968 थाने सीसीटीएनएस (क्राइम एंड क्रिमिनल ट्रैकिंग नेटवर्क) से जुड़ गए हैं। उन्होंने कहा कि आने वाले दो महीने में 347 थानों को इससे जोड़ दिया जाएगा। बचे हुए थानों को भी आगामी तीन महीने में सीसीटीएनएस से जोड़ दिया जाएगा। इसके अलावा राज्य में अभी 1212 थानों में सीसीटीवी कैमरे लग गए हैं। बचे हुए थानों में भी दो से तीन महीने में सीसीटीवी कैमरे लगा दिए जाएंगे। एक थाना में औसतन 12 से 13 कैमरे लगे हुए हैं। इन कैमरों में 18 महीने तक की रिकॉर्डिंग सुरक्षित रखने की व्यवस्था है। इसका कंट्रोल पुलिस मुख्यालय के अलावा सभी जिला मुख्यालयों में भी हैं।
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