लखनऊ , मार्च 23 -- उत्तर प्रदेश के उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय ने कहा कि आज का दौर पूरी तरह तकनीक आधारित है, जहां युवाओं के लिए पारंपरिक शिक्षा के साथ-साथ आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई), बिग डेटा और इंटरनेट ऑफ थिंग्स (आईओटी) जैसे क्षेत्रों में दक्षता बेहद जरूरी हो गई है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के युवा तेजी से इन नई तकनीकों को अपनाकर राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना रहे हैं।
उत्तर प्रदेश के युवाओं को आधुनिक तकनीकी शिक्षा के जरिए सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के तहत सोमवार को लखनऊ स्थित ख्वाजा मुईनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय में 'सैमसंग इनोवेशन कैंपस के अंतर्गत प्रमाणपत्र वितरण समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम में प्रदेश के उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत करते हुए 400 से अधिक विद्यार्थियों को प्रमाणपत्र प्रदान किए।
अपने संबोधन में उन्होंने जोर देते हुए कहा कि शिक्षा केवल डिग्री तक सीमित नहीं है, बल्कि यह व्यक्तित्व विकास और राष्ट्र निर्माण का आधार भी है। युवाओं से उन्होंने आह्वान किया कि वे अपने कौशल का उपयोग सकारात्मक सोच और देशहित को ध्यान में रखते हुए करें।
मंत्री ने 'सैमसंग इनोवेशन कैंपस' जैसी पहलों की सराहना करते हुए कहा कि इससे शिक्षा और उद्योग के बीच मजबूत तालमेल स्थापित हो रहा है, जिससे युवाओं को बेहतर रोजगार के अवसर मिल रहे हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि ऐसे कार्यक्रम प्रदेश के युवाओं को वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी बनाने में अहम भूमिका निभाएंगे।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित