अटारी , फरवरी 21 -- शिरोमणि अकाली दल के अध्यक्ष सरदार सुखबीर सिंह बादल ने शनिवार को घोषणा की कि 2027 में अकाली दल की सरकार बनने पर यह सुनिश्चित किया जाएगा कि सभी मध्य एशियाई देशों के साथ व्यापार के लिए वाघा और फाजिल्का बॉर्डर खोले जायें और सीमावर्ती क्षेत्र में एक विशेष औद्योगिक ज़ोन बनाया जाये।

'पंजाब बचाओ मुहिम' के तहत वरिष्ठ नेता गुलजार सिंह रणीके की ओर से यहां आयोजित विशाल रैली को संबोधित करते हुए श्री बादल ने कहा कि सीमाएं बंद होने से सीमावर्ती क्षेत्र में व्यापार बुरी तरह प्रभावित हुआ है। उन्होंने कहा, " एक बार हम चुने गये तो हम वाघा और फाजिल्का बॉर्डर को फल, सब्जियों और अन्य वस्तुओं के मध्य एशियाई देशों को निर्यात के लिए खोलेंगे। इस निर्यात से अमृतसर अंतरराष्ट्रीय व्यापार का केंद्र बन जाएगा और पूरे क्षेत्र को इसका लाभ मिलेगा। "श्री बादल ने जोर देकर कहा कि सीमावर्ती क्षेत्र में उद्योग स्थापित करना भी बहुत जरूरी है, खासकर तब जब उद्योग पहाड़ी राज्यों में मिल रही रियायतों के कारण वहां चले गए हैं। उन्होंने कहा कि अकाली दल सीमावर्ती क्षेत्र में विशेष औद्योगिक ज़ोन स्थापित करने के लिए वचनबद्ध है और उद्योगों को विशेष वित्तीय पैकेज देगा ताकि यहां निवेश आकर्षित किया जा सके। इससे पूरे इलाके की अर्थव्यवस्था को बढ़ावा मिलेगा।

अकाली दल के अध्यक्ष ने कहा कि राज्य में कांग्रेस के कई मुख्यमंत्री रहे, लेकिन पार्टी एक भी महत्वपूर्ण परियोजना नहीं गिना सकती, जो उनके कार्यकालमें बनी हो। दूसरी ओर, अकाली दल ने ही खेती के लिए मुफ्त बिजली दी, सिंचाई के लिए नहरें बनाईं, विश्व स्तरीय सड़कें और हवाई अड्डे, मंडियां और थर्मल प्लांट स्थापित किए, बल्कि आटा-दाल योजना, बुढ़ापा पेंशन और शगुन योजना जैसी अनूठी सामाजिक कल्याण योजनाएं शुरू कीं। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्रीय एजेंसियां श्री हजूर साहिब और तख्त श्री पटना साहिब जैसे धार्मिक स्थलों पर कब्जा करने के बाद भी अकाली दल से संतुष्ट नहीं हैं और वे बादल परिवार को किनारे कर अपनी कठपुतलियों को स्थापित करना चाहती हैं। इसी तरह राज्य में आप सरकार भी उनके खिलाफ झूठा मामला दर्ज करना चाहती हैं।

पार्टी के वरिष्ठ नेता बिक्रम सिंह मजीठिया और तरनतारन की नेता कंचनप्रीत कौर सहित कई नेताओं के खिलाफ दर्ज झूठे मामलों का जिक्र करते हुए श्री बादल ने कहा कि सरकार बनने पर इन सभी मामलों की जांच के लिए आयोग बनाया जाएगा। झूठे मामले दर्ज करने के लिए जिम्मेदार लोगों और अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी घोषणा की कि अकाली दल मुख्यमंत्री भगवंत मान के भ्रष्टाचार और उनके द्वारा ऑस्ट्रेलिया में 2500 एकड़ जमीन खरीदने के मामले की भी जांच कराएगा। उन्होंने कहा, " हम इन्हें भागने नहीं देंगे और भगवंत मान को कानून का सामना करना पड़ेगा।" इस अवसर पर श्री मजीठिया ने कहा कि आप सरकार अटारी और आसपास के क्षेत्रों के बाढ़ प्रभावित किसानों को मुआवजा देने में विफल रही है। उन्होंने राज्य में बढ़ते गिरोहवाद का मुद्दा भी उठाया, जो सामाजिक ढांचे को नुकसान पहुंचा रहा है। वरिष्ठ नेता गुलजार सिंह रणीके ने इस मौके पर अकाली दल अध्यक्ष का धन्यवाद किया कि वे लोगों के कठिन समय में उनके साथ खड़े रहे और पिछले साल आयी बाढ़ के दौरान किसानों की मदद की,जब आप सरकार उन्हें छोड़कर चली गयी थी।

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