बिलासपुर , अप्रैल 14 -- छत्तीसगढ़ के उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने मंगलवार को बिलासपुर स्थित जेल चौक में संविधान निर्माता डॉ. भीमराव अंबेडकर की 135वीं जयंती के अवसर पर उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू भी उपस्थित रहे।
इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री साव ने कहा कि डॉ. अंबेडकर द्वारा निर्मित भारतीय संविधान देश के विकास और राष्ट्र निर्माण की मजबूत नींव है। उन्होंने कहा कि संविधान में अनुच्छेद 19 और 21 के माध्यम से नागरिकों को मौलिक अधिकार प्रदान किए गए हैं, जबकि अनुच्छेद 14 और 16 के तहत धर्म, जाति, लिंग और रंग के आधार पर बिना किसी भेदभाव के सभी को समान अधिकार दिए गए हैं।
उन्होंने कहा कि बाबा साहेब ने समरस और समानतापूर्ण समाज की परिकल्पना की थी, जहां प्रत्येक व्यक्ति को समान अवसर और सम्मान मिले। साव ने वर्ष 1942 में दलित महिलाओं के सम्मेलन में डॉ. अंबेडकर के विचारों का उल्लेख करते हुए कहा कि किसी भी समाज की प्रगति का आकलन महिलाओं की स्थिति से किया जाना चाहिए।
उप मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार द्वारा नारी सशक्तिकरण के लिए अनेक पहल की गई हैं, जिनमें 'बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ' अभियान प्रमुख है। उन्होंने कहा कि प्रस्तावित 'नारी शक्ति वंदन अधिनियम' महिलाओं को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम होगा।
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