वाराणसी, सितम्बर 29 -- Varanasi News: वाराणसी, मुख्य संवाददाता। नागरी नाटक मंडली न्यास के चार दिवसीय अश्विन नाट्य महोत्सव के दूसरे दिन सोमवार को गुरु रवींद्रनाथ टैगोर रचित नाटक 'चंडालिका' का सशक्त मंचन हुआ। नाट्य संस्था 'यथार्थ क्रिएशन' की प्रस्तुति में कलाकारों की मेहनत और निर्देशन की परिपक्वता दिखी।

नाटक के विषय नाटक की निर्देशक डॉ. शुभ्रा वर्मा रहीं। निर्देशक और उनकी पूरी टीम ने 'चंडालिका' की मूल आत्मा दर्शकों के सामने प्रस्तुत कर दी। अछूत मानी जाने वाली प्रकृति और बौद्ध भिक्षु आनंद के प्रसंग से नाटक आगे बढ़ता है। कलाकारों ने सामाजिक विषमता, प्रेम, अहंकार और आध्यात्मिक चेतना के जागरण का संदेश सफलतापूर्वक दिया। उनकी उत्कृष्ट भाव-भंगिमाओं और संवाद अदायगी ने दर्शकों को अंत तक बांधे रखा।

कलाकारों की प्रस्तुति की सराहना संगीत संयोजन, वस्त...