वाराणसी, जुलाई 12 -- Varanasi News: वाराणसी, कार्यालय संवाददाता। भारतीय संस्कृति भारत की परिवार व्यवस्था के कारण सुरक्षित है। समाज एवं राष्ट्र के प्रति श्रद्धा और दायित्व का भाव सर्वप्रथम परिवार रूपी पाठशाला में सिखाया जाता है । ये विचार राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अखिल भारतीय कुटुंब प्रबोधन संयोजक रवींद्र जोशी ने शनिवार को मुमुक्षु भवन के सभागार में आयोजित परिचर्चा में व्यक्त किए।

परिवार व्यवस्था की भूमिका उन्होंने कहा कि घर में शारीरिक श्रम को कम करने वाली 100 वस्तुएं हैं परंतु घर का वातावरण भक्तिमय कैसे हो, यह हम सब की जिम्मेदारी है। विगत कुछ वर्षों में भारतीय कुटुंब व्यवस्था को नष्ट करने के लिए कई षड्यंत्र चल रहे हैं। कैलाश मठ के महामंडलेश्वर आशुतोषानंद गिरि ने कहा कि 1200 वर्ष पूर्व केरल के कलाड़ी गांव में जन्म लेने वाला बालक ओंकारेश...