वाराणसी, अक्टूबर 2 -- Varanasi News: वाराणसी, मुख्य संवाददाता। भगवती महालक्ष्मी की प्रसन्नता के लिए रखा जाने वाला जीवित्पुत्रिका व्रत तीन अक्तूबर को रखा जाएगा। इसके निमित्त नहाय खाय के विधान शुक्रवार से शुरू हो गए। इसी के साथ सोरहिया मेले का समापन भी हो जाएगा। पुत्र के आरोग्य एवं दीर्घायु के लिए महिलाएं जीवित्पुत्रिका व्रत रखती हैं। धार्मिक-पारिवारिक रीति-रिवाज के अनुसार व्रत के प्रारम्भ में उड़द के साबूत दाने व्रती महिलाएं निगल कर व्रत प्रारम्भ करती हैं। इसके पश्चात अन्न और जल कुछ भी ग्रहण नहीं करतीं। यह व्रत आश्विन कृष्ण पक्ष की चंद्रोदय व्यापिनी अष्टमी तिथि के दिन रखा जाता है। यह भी पढ़ें- Pakur News: नहाय-खाय के साथ जिउतिया व्रत शुरूअष्टमी तिथि का महत्व आश्विन कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि तीन अक्तूबर को प्रात: 08 बजकर 01 मिनट पर लगेगी। स...