वाराणसी, जुलाई 4 -- Varanasi News: वाराणसी। काली महल स्थित अजाखाना-ए-इमदाद और फुरकान में मरहूम मौ. इमदाद हुसैन और मरहूम मौ. फुरकान हैदर के ईसाले-सवाब के लिए एक मजलिस-ए-अजा (शोक सभा) का आयोजन हुआ। मजलिस को मौ. तौसीफ अली ने खिताब किया और इमाम हुसैन व शहीदाने-कर्बला की कुर्बानी को बयान किया। अंजुमन हैदरी (चौक) ने नौहा-ओ-मातम कर बारगाहे हुसैनी में अकीदत का इजहार किया। यह मजलिस सलमान हैदर, आबिद हैदर, शीराज काजिम के नेतृत्व में हुई। हजरत अली समिति के सदस्य सलमान हैदर ने बताया कि दोनों मरहूम आलिमों की दीनी और मिल्ली खदमात हमेशा याद रखी जाएगी। उन्हीं की याद में यह अजाखाना इमदाद व फुरकान के नाम से आबाद है।

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