निखिल पाठक, अप्रैल 9 -- दिल्ली के ओल्ड राजेंद्र नगर में एक UPSC अभ्यर्थी की सालभर की मेहनत एक मोबाइल फटने से पलभर में बर्बाद हो गई। परीक्षा से ठीक एक दिन पहले अचानक फोन फटने से वह गंभीर रूप से झुलस गया और अगले दिन होने वाली प्रारंभिक परीक्षा नहीं दे सका। जिसके बाद उसने उपभोक्ता कोर्ट में केस लगा दिया। सुनवाई के बाद मध्य जिला उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग ने इस मामले में मोबाइल कंपनी 'रियलमी' को सेवा में कमी और लापरवाही का दोषी पाया। आयोग अध्यक्ष दिव्य ज्योति जयपुरियार और सदस्य डॉ. रश्मि बंसल की पीठ ने सख्त रुख अपनाते हुए मोबाइल कंपनी को पीड़ित छात्र को कुल 1.50 लाख रुपए का मुआवजा और कानूनी खर्च देने का आदेश दिया। आयोग ने सख्त टिप्पणी करते हुए कहा कि मोबाइल की बैटरी में धमाका होना सुरक्षा की दृष्टि से एक गंभीर मुद्दा है, जिससे किसी की जान भी ...