नई दिल्ली, जून 4 -- अखिल भारतीय संयुक्त शिक्षक महासंघ टीईटी अनिवार्यता के खिलाफ आज गुरुवार को लखनऊ में आयोजित बैठक में आगामी आन्दोलनात्मक पहलुओं पर चर्चा करेगा। साथ ही सुप्रीम कोर्ट के निर्णय पर विधिक व प्रशासनिक मुद्दे पर वार्ता करेगा। महासंघ के प्रदेश महासचिव दिलीप चौहान का कहना है कि टीईटी की अनिवार्यता के आदेश से देश के करीब 25 लाख एवं प्रदेश के करीब 1.86 लाख शिक्षक परिवारों के समक्ष गंभीर आर्थिक एवं सेवा सुरक्षा का संकट गहरा गया है। सुप्रीम कोर्ट ने एक अहम फैसले में वर्ष 2010 से पहले के कार्यरत शिक्षकों के लिए भी शिक्षक पात्रता परीक्षा को अनिवार्य कर दिया है। कोर्ट के इस आदेश के बाद शिक्षा विभाग में कार्यरत नॉन टीईटी शिक्षकों हड़कंप मच गया है। विशेषकर उन वरिष्ठ शिक्षकों में जिन्होंने अब तक टेट परीक्षा उत्तीर्ण नहीं की है। शिक्षकों का ...