सुपौल, जुलाई 14 -- Supaul News: पिपरा, एक संवाददाता प्रखंड कार्यालय में वार रूम कर्मी की नियुक्ति और महज 10 दिन बाद उसे रद्द किए जाने का मामला तूल पकड़ गया है। लोहिया स्वच्छ बिहार अभियान के तहत प्रखंड स्वच्छता कार्यालय में नियुक्त किए गए युवक को पहले बीडीओ ने स्वयं नियुक्ति पत्र देकर योगदान कराया और फिर अपने ही आदेश को पलटते हुए सेवा से हटा दिया। इस फैसले ने प्रशासनिक कार्यशैली और सरकारी नियुक्तियों की पारदर्शिता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। मामला अब प्रखंड से निकलकर जिले में चर्चा का विषय बन गया है। जानकारी के अनुसार बिहार ग्रामीण जीविकोपार्जन प्रोत्साहन समिति, ग्रामीण विकास विभाग, पटना के निर्देश तथा उप विकास आयुक्त सुपौल के आदेश के आलोक में वार रूम कर्मी की बहाली प्रक्रिया शुरू की गई थी। प्रखंड कार्यालय ने 24 जून से 29 जून तक आवेदन आमं...