Success Story: 6 महीने के बेटे को खोने के बाद दिया NEET, अब कबाड़ बीनने वाले सुनील बनेंगे डॉक्टर
नई दिल्ली, जुलाई 22 -- NEET Success Story of Sunil Lohar: जब जिंदगी इंसान की सबसे कठिन परीक्षा ले रही होती है, तब या तो इंसान टूटकर बिखर जाता है या फिर कड़े संघर्ष से इतिहास रच देता है। राजस्थान के भीलवाड़ा जिले के रहने वाले सुनील लोहार की कहानी एक ऐसा ही मिसाल है, जो हर उस विद्यार्थी का हौसला बढ़ाती है जो अभावों के कारण अपने सपनों को अधूरा छोड़ देते हैं। कबाड़ की दुकान चलाने वाले और सड़कों से कबाड़ बीनने वाले सुनील लोहार ने देश की सबसे कठिन चिकित्सा प्रवेश परीक्षाओं में से एक NEET UG में शानदार सफलता हासिल करके डॉक्टर बनने का सपना पूरा कर दिखाया है।6 महीने के मासूम बेटे को खोने का गहरा दर्द 2020 में 12वीं के बाद उन्होंने पढ़ाई रोक दी थी। वे पिता का हाथ बंटाने के लिए कबाड़ी के काम में लग गए थे। सुनील लोहार की सफलता के पीछे एक बेहद भावुक औ...
Click here to read full article from source
To read the full article or to get the complete feed from this publication, please
Contact Us.