सीतामढ़ी, अगस्त 5 -- Sitamarhi News: सीतामढ़ी। सीतामढ़ी शहर से सटे हलेश्वरस्थान स्थित बाबा हलेश्वरनाथ मंदिर का इतिहास रामायण काल और मिथिला नरेश राजा जनक से जुड़ा हुआ माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इस मंदिर में स्थापित शिवलिंग की स्थापना स्वयं राजा जनक ने हलेष्टी यज्ञ के दौरान की थी। यही कारण है कि यह मंदिर मिथिला की धार्मिक और सांस्कृतिक धरोहर के रूप में विशेष पहचान रखता है। फतेहपुर गिरमिसानी गांव निवासी 80 वर्षीय सेवानिवृत्त प्रधानाध्यापक हरदेव बैठा बताते हैं कि प्राचीन काल में मिथिला में भीषण अकाल पड़ा था। जल संकट और सूखे से जनता त्रस्त थी। ऋषि-मुनियों की सलाह पर मिथिला नरेश राजा जनक ने अकाल से मुक्ति के लिए हलेष्टी यज्ञ का आयोजन कराया। जनकपुर से आकर उन्होंने इसी स्थान पर हल चलाना शुरू किया, जिसके बाद घनघोर वर्षा हुई और मिथिल...