प्रमुख संवाददाता, जनवरी 22 -- यूपी की मतदाता सूची में ऐसे 1.04 करोड़ लोग हैं, जिनके नाम का मिलान पुरानी वर्ष 2003 की मतदाता सूची से नहीं हो पाया है। ऐसे में बुधवार से जिन-जिन लोगों को अब तक नोटिस भेजा जा चुका है, उनकी सुनवाई शुरू हो गई। मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) नवदीप रिणवा का कहना है कि 6 जनवरी से दावे व आपत्तियों का चरण शुरू हो चुका है जो 6 फरवरी तक चलेगा। बुधवार से नोटिस पर सुनवाई की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। पोर्टल voters.eci.gov.in पर कोई भी व्यक्ति यह ऑनलाइन देख सकता है कि उसे नोटिस मिला है या नहीं। इसके जरिए वृद्ध-बीमार लोगों के घर वाले भी नोटिस का जवाब दे सकेंगे। सीईओ कार्यालय की ओर से इस पर एसआईआर का अलग से कॉलम बनाया गया है। उस पर जाकर मतदाता कार्ड संख्या डालकर यह देखा जा सकता है कि नोटिस आया है या नहीं। अगर आप ऑनलाइन ही जव...