संतकबीरनगर, जुलाई 24 -- Santkabir Nagar News: हिन्दुस्तान टीम, संतकबीरनगर। जनपद में चकबंदी विभाग भ्रष्टाचार के मामले में हमेशा सुर्खियों में रहा है। कई बार घूसखोरी के आरोप लगे। इसकी पुष्टि भी हुई। विभागीय कार्रवाई भी दोषियों के विरुद्ध हुई, लेकिन उसके बाद भी कोई असर नहीं हुआ। इस विभाग की कारगुजारी से आम जनता पूरी तरह परेशान है। विभीय जिम्मेदारों की लापरवाही और मनमानी की ही देन है कि वर्षों तक चकबंदी का कार्य पूर्ण नहीं हो पाता है। साथ ही तमाम लोगों को न्यायालय में शरण में जाना पड़ता है। अभी हाल के ही दिनों में धनघटा तहसील का एक किसान विभाग के अधिकारियों के उत्पीड़न से आजिज आकर आत्महत्या कर लिया था। इस मामले में लेखपाल के साथ ही एसीओ तक दोषी पाए गए थे। डीएम ने निलंबन की कार्रवाई भी किया। इसी के साथ ही एसओसी के खिलाफ भी कई आन्दोलन हुए। लेकि...