सहारनपुर, अगस्त 11 -- Saharanpur News: गंगोह । कथावाचक पं. अवनीश शर्मा ने कहा कि बेटी की विदाई सबसे ज्यादा कष्टदाई पिता के लिए होती है। क्योकि बेटियां ही बाप को सबसे ज्यादा प्यार देती है। शिव महापुराण में माता पार्वती की विदाई का प्रसंग सुनाते हुए कथा व्यास भी स्वयं की आंखों को नम होने से नही रोक सके। उन्होंने कहा कि विदाई का समय ऐसा होता है, जबकि सभी परिजन, रिश्तेदार, मित्र सखा सभी रोते नजर आते है। मां का तो जैसे कलेजे का टुकड़ा ही उससे दूर चला गया और बाप धैर्य धारण करके दूसरों को संभालते हुए ऊपरी तौर से तो नहीं रोता लेकिन अंदर ही अंदर मानो टूट सा जाता है। यह भी पढ़ें- Kanpur News: बाबा भोलेनाथ-माता पार्वती विवाह प्रसंग सुन श्रोता मंत्रमुग्ध पूरे कथा पंडाल का माहौल भावुकता से भरा हुआ भक्तिमय बना रह रुद्राभिषेक के मुख्य यजमान अतुल गोयल, कन...