जयपुर, जुलाई 22 -- राजधानी के राजस्थान यूनिवर्सिटी ऑफ हेल्थ साइंसेज (आरयूएचएस) अस्पताल की पैथोलॉजी लैब एक बार फिर सवालों के घेरे में आ गई है। इस बार मामला ऐसा है जिसने न केवल एक युवक और उसके परिवार को गहरे मानसिक तनाव में डाल दिया, बल्कि सरकारी अस्पतालों की लैब रिपोर्टों की विश्वसनीयता पर भी गंभीर बहस छेड़ दी है। पैर में दर्द की शिकायत लेकर अस्पताल पहुंचे 25 वर्षीय युवक को जांच रिपोर्ट में ऐसा परिणाम मिला कि डॉक्टरों ने उसे किडनी फेलियर की आशंका बताते हुए तुरंत नेफ्रोलॉजी विभाग भेज दिया। हालांकि दो दिन बाद निजी लैब से कराई गई जांच में उसकी रिपोर्ट पूरी तरह सामान्य निकली। भोपाल निवासी 25 वर्षीय युवक पैर में दर्द की शिकायत के चलते जयपुर स्थित आरयूएचएस अस्पताल पहुंचा था। चिकित्सक ने सामान्य जांच प्रक्रिया के तहत कुछ ब्लड टेस्ट लिखे। युवक ने ...