रुडकी, अक्टूबर 14 -- Roorki News: शारदीय नवरात्र के चौथे दिन बुधवार को श्रद्धालुओं ने मां दुर्गा के चौथे स्वरूप मां कुष्मांडा की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। कस्बे के मंदिरों में सुबह से ही भक्तों की भीड़ जुटनी शुरू हो गई। श्रद्धालुओं ने माता के दर्शन कर परिवार की सुख-शांति और समृद्धि की कामना की। बुधवार सुबह मुख्य बाजार स्थित जगदंबा मंदिर और सीमली गांव के शिव मंदिर में श्रद्धालुओं ने पूजा-अर्चना की। मंदिरों में दर्शन के लिए भक्तों के पहुंचने का सिलसिला दिनभर जारी रहा। पंडित संदीप भारद्वाज शास्त्री और अरविंद शर्मा ने बताया कि मां कुष्मांडा की कांति सूर्य के समान तेजस्वी है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, जब सृष्टि का अस्तित्व नहीं था, तब देवी के इसी स्वरूप ने सृष्टि की रचना की थी। यह भी पढ़ें- Gangapar News: मां कुष्मांडा की आराधना कर मांग...