रांची, अक्टूबर 26 -- Ranchi News: रांची, विशेष संवाददाता। शादी की तारीख और पत्नी की सहमति की सही तरीके से जांच किए बिना आपसी सहमति से तलाक देने के मामले में झारखंड हाईकोर्ट ने फैमिली कोर्ट के आदेश को रद्द कर दिया है। अदालत ने कहा कि आपसी सहमति से तलाक देने से पहले यह सुनिश्चित करना जरूरी है कि कानून की शर्तों का पालन हुआ है और दोनों पक्षों की सहमति स्वेच्छा से दी गई है। हाईकोर्ट ने मामले को दोबारा सुनवाई के लिए रांची फैमिली कोर्ट भेज दिया है। जस्टिस सुजीत नारायण प्रसाद और जस्टिस संजय प्रसाद ने पत्नी की अपील पर सुनवाई करते हुए यह फैसला सुनाया। मामला रांची फैमिली कोर्ट के 17 अगस्त 2024 के उस आदेश से जुड़ा है, जिसके तहत पति-पत्नी को आपसी सहमति से तलाक दिया गया था। फैमिली कोर्ट में दाखिल संयुक्त याचिका में शादी की तारीख 21 अप्रैल 2023 बताई गई...