रांची, अक्टूबर 26 -- Ranchi News: रांची, विशेष संवाददाता। बिरसा कृषि विश्वविद्यालय (बीएयू) की वैज्ञानिक टीम झारखंड के स्थानीय पशुधन, कुक्कुट और कुत्तों की अब तक गैर-वर्णित व गैर-चिह्नित आबादी की पहचान, वैज्ञानिक दस्तावेजीकरण और नस्ल पंजीकरण की दिशा में काम कर रही है। टीम ने रांची के सोनाहातू प्रखंड के सेरेंगहातु और राहे प्रखंड के गोवाली और बरवाडीह गांवों में व्यापक सर्वेक्षण किया है। इससे पहले टीम राहे और बुंडू प्रखंडों में आधारभूत सर्वेक्षण और मानचित्रण का कार्य पूरा कर चुकी है। यह अभियान वर्ष 2024 में शुरू किए गए बीएयू के पशु आनुवंशिक संसाधन अनुसंधान केंद्र के माध्यम से संचालित किया जा रहा है। विश्वविद्यालय की टीम भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (आईसीएआर) के वित्तपोषण से चल रही नेटवर्क परियोजना ऑन एनिमल जेनेटिक रिसोर्सेज के तहत कार्य कर रही ...