रामपुर, अगस्त 20 -- Rampur News: पंडित अखिलेश उपाध्याय ने कहा कि भगवान की कृपा के तीन स्वरूप होते हैं। प्रथम कृपा, द्वितीय अति कृपा और तृतीय अतिशय कृपा भगवान की कृपा सब पर होती है। लेकिन जो भगवान की ओर अपना कदम बढ़ाता है, उसपर अति हरि कृपा होती है। वह मोहल्ला श्री सनातन धर्म बड़ा मंदिर में श्रीमद् गोस्वामी तुलसीदास जयंती महापर्व के दूसरे दिन प्रवचन कर रहे थे। उन्होंने विज्ञान एवं आध्यात्मिक का विशेषण करते हुए बताया कि विज्ञान व्यक्ति को गतिशील बनता है, परंतु अध्यात्म व्यक्ति को संवेदनशील बनता है। संवेदनशील होना ही मानव के जीवन को ऊंचाई की ओर ले जाता है। यह भी पढ़ें- Buxar News: रघुनाथपुर में आयोजित तुलसी महोत्सव में गूंजा रामचरित मानस का संदेश इसी क्रम में सीधी मध्य प्रदेश से पधारे पंडित राजेंद्र मिश्रा ने रामचरितमानस में वर्णित गुरु की म...