नई दिल्ली, जून 30 -- हम अक्सर सफल लोगों को देखकर सोचते हैं कि वे इतने ऊंचे मुकाम तक कैसे पहुंच गए। उनकी चमक-दमक देखकर लगता है कि उनके पास कोई खास प्रतिभा, किस्मत या डिग्री रही होगी। लेकिन असल बात यह है कि कोई भी बड़ी सफलता सिर्फ टैलेंट या किस्मत से नहीं मिलती। उसके पीछे सबसे बड़ा राज होता है पूरा समर्पण और लगातार मेहनत। सद्गुरु इस बात को बहुत खूबसूरती से समझाते हैं।सफलता का असली मंत्र क्या है? सद्गुरु कहते हैं कि जीवन के किसी भी क्षेत्र में बिना पूरे समर्पण के कुछ भी सार्थक हासिल नहीं किया जा सकता है। जब आप किसी काम में पूरी तरह डूब जाते हैं, तभी आप कुछ यादगार और मूल्यवान चीजें बना पाते हैं। समर्पण का मतलब है कि आप जो काम कर रहे हैं, उसमें आपका मन, शरीर और ध्यान सब कुछ पूरी तरह लगा हो। यह कोई दिखावा नहीं, बल्कि सच्ची लगन है।समर्पण और मेहन...