प्रयागराज, अक्टूबर 25 -- Prayagraj News: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने भ्रष्टाचार के एक मामले में चार्जशीट और सम्मन आदेश को रद्द करने की मांग में दाखिल याचिका पर याची को सीबीआई कोर्ट में डिस्चार्ज अर्जी दाखिल करने की अनुमति दी है और उसके खिलाफ 30 दिन तक कोई उत्पीड़नात्मक कार्रवाई न करने का आदेश दिया है। यह आदेश न्यायमूर्ति विक्रम डी चौहान ने रईस अहमद की याचिका पर अधिवक्ता सुनील चौधरी और सीबीआई के वकील राहुल श्रीवास्तव को सुनकर दिया है। याची पिछले 25 साल से आशीष जैन के संस्थानों में एकाउंटेंट था। ये संस्थान सीजीएचएस से जुड़े हैं। निरीक्षण में कमियां पाई गई थीं तो अपर निदेशक व कार्यालय अधीक्षक ने कमियां ठीक करने के लिए 50 लाख की घूस मांगी। याची अस्पताल के सहयोगी के साथ पांच लाख की पहली किश्त लेकर सीजीएचएस कार्यालय मेरठ पहुंचा। पूरी रकम अगले दिन देने...